विधानसभा की सीढ़ियों पर नतमस्तक हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी, लोकतंत्र के मंदिर को किया नमन
कोलकाता, 13 मई (हि. स.)। पश्चिम बंगाल के पहले भाजपा मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बुधवार को विधानसभा भवन में प्रवेश करने से पहले उसकी सीढ़ियों पर नतमस्तक होकर लोकतंत्र के मंदिर को नमन किया। उनके इस कदम की तुलना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2014 में संसद भवन की सीढ़ियों पर माथा टेकने की ऐतिहासिक तस्वीर से की जा रही है।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी बुधवार सुबह 11 बजे से पहले विधानसभा के 18वें कार्यकाल के पहले सत्र और नवनिर्वाचित विधायकों के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने विधानसभा पहुंचे थे। विधानसभा परिसर में उन्हें औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इससे पहले सोमवार को नवान्न में मुख्यमंत्री पद संभालने के दौरान भी उन्हें इसी तरह का राजकीय सम्मान दिया गया था।
गार्ड ऑफ ऑनर से पहले मुख्यमंत्री ने अपने काफिले से उतरकर डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद वह मुख्यमंत्री के लिए निर्धारित कक्ष में पहुंचे और वहां पूजा-अर्चना की। विधानसभा की कार्यवाही शुरू होने से पहले उन्होंने धार्मिक अनुष्ठान भी किया।
बुधवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा के 18वें कार्यकाल का पहला सत्र शुरू हुआ, जिसमें हालिया चुनाव में निर्वाचित विधायक पहली बार सदन में पहुंचे। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और औपचारिक प्रक्रियाओं के बीच शपथ ग्रहण कार्यक्रम शुरू हुआ, जो दो दिनों तक चलेगा।
सुबह ठीक 11 बजकर दो मिनट पर मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी प्रोटेम स्पीकर तापस राय और मंत्री दिलीप घोष के साथ विधानसभा कक्ष में पहुंचे। इसके दो मिनट बाद, 11 बजकर चार मिनट पर उन्होंने विधायक के रूप में शपथ ली।
मुख्यमंत्री के बाद मंत्रिमंडल के अन्य सदस्यों ने भी शपथ ली। इनमें अशोक कीर्तनिया, खुदीराम टुडू, निशीथ प्रमाणिक और अग्निमित्रा पाल शामिल रहे।
विधानसभा के पहले दिन एक और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण दृश्य देखने को मिला, जब तृणमूल कांग्रेस के कई विधायक मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के कक्ष में उनसे मुलाकात करने पहुंचे। इसे राजनीतिक शिष्टाचार और बदलते राजनीतिक माहौल के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
मुख्यमंत्री से मिलने वालों में हरिहरपाड़ा से विधायक नियामत शेख, रघुनाथगंज से अखरुज्जमान और सूती से इमानी विश्वास शामिल थे। राजनीतिक हलकों में इन मुलाकातों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
हालांकि पूरे दिन शपथ ग्रहण और राजनीतिक गतिविधियां जारी रहीं, लेकिन विधानसभा की सीढ़ियों पर मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी का नतमस्तक होना ही दिन की सबसे चर्चित और प्रतीकात्मक तस्वीर बनकर उभरा।
हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर

