महिला सुरक्षा को लेकर शोभनदेब की टिप्पणी पर विधानसभा में हंगामा, भाजपा विधायकों ने किया विरोध
कोलकाता, 25 जुलाई (हि. स.)। पश्चिम बंगाल विधानसभा में शनिवार को वित्त विधेयक पर चर्चा के दौरान कालीघाट तृणमूल के विधायक शोभनदेब चटर्जी के भाषण को लेकर जोरदार हंगामा हुआ। उनके तृणमूल सरकार के कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाने पर भाजपा विधायकों ने कड़ा विरोध जताया, जिससे सदन में कुछ समय तक शोरगुल और नारेबाजी होती रही।
वित्त विधेयक पर चर्चा के दौरान शोभनदेब चटर्जी ने कहा कि तृणमूल सरकार के कार्यकाल में कोलकाता देश का सबसे सुरक्षित शहर बना। उन्होंने राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) की रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा किया कि कोलकाता को देश के बड़े शहरों में सबसे सुरक्षित शहर का दर्जा मिला है। उन्होंने यह भी कहा कि देश के तीन सर्वश्रेष्ठ थानों में पश्चिम बंगाल का श्रीरामपुर थाना शामिल है। उन्होंने दावा किया कि धान उत्पादन में पश्चिम बंगाल देश में पहले और मत्स्य पालन में दूसरे स्थान पर है तथा ये उपलब्धियां तृणमूल सरकार के कार्यकाल में हासिल हुईं।
इन टिप्पणियों पर भाजपा विधायकों ने आपत्ति जताई और आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकार के दौरान हुए विभिन्न भ्रष्टाचार के मामलों को नजरअंदाज कर केवल उपलब्धियों का प्रचार किया जा रहा है।
भाजपा विधायकों ने कहा कि वर्तमान सरकार उन संस्थागत भ्रष्टाचार के मामलों पर कार्रवाई कर रही है, जिन्हें तृणमूल शासन में बढ़ावा मिला था। इस दौरान विपक्षी सदस्यों ने नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे सदन का माहौल गर्म हो गया।
हंगामे के बीच शोभनदेब ने अपना भाषण जारी रखने की कोशिश की और अध्यक्ष रथींद्र बसु से हस्तक्षेप कर व्यवस्था बहाल करने का अनुरोध किया। इस पर अध्यक्ष ने उन्हें याद दिलाया कि शनिवार की कार्यवाही वित्त विधेयक पर चर्चा के लिए निर्धारित है और उन्हें उसी विषय तक सीमित रहने का निर्देश दिया। इसके बावजूद कुछ समय तक सत्ता पक्ष और भाजपा विधायकों के बीच तीखी नोकझोंक और हंगामा जारी रहा।
हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर

