बैरकपुर स्वामी विवेकानंद विश्वविद्यालय में समान नागरिक संहिता पर विशेष चर्चा आयोजित
कोलकाता, 03 अक्टूबर (हि. स.)। उत्तर 24 परगना के बैरकपुर स्थित स्वामी विवेकानंद विश्वविद्यालय में शनिवार को समान नागरिक संहिता (यूसीसी) विषय पर विशेष शैक्षिक चर्चा आयोजित की गई। विश्वविद्यालय और ‘सिटीजन्स फॉर जस्टिस, कोलकाता’ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से विधि विभाग के प्रथम और द्वितीय वर्ष के छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया।
कार्यक्रम में देश के सभी राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू करने की आवश्यकता और प्रासंगिकता पर कानूनविदों तथा शिक्षाविदों ने अपने विचार रखे। मुख्य वक्ता कलकत्ता उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश डॉ. संबुद्ध चक्रवर्ती ने यूसीसी लागू करने के पक्ष में विभिन्न कानूनी पहलुओं की जानकारी विद्यार्थियों को दी।
उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान के निर्माण के समय से ही समान नागरिक संहिता लागू करने का प्रावधान रखा गया था। हालांकि स्वतंत्रता के कई दशक बीतने के बाद भी देश के सभी राज्यों में इसे पूरी तरह लागू नहीं किया जा सका है। उन्होंने देश की न्याय एवं कानून व्यवस्था को समान व्यवस्था के तहत लाने के समर्थन में कई कानूनी उदाहरण भी विद्यार्थियों के सामने रखे।
कार्यक्रम में सम्मानित वक्ता के रूप में कोलकाता के योगेशचंद्र चौधरी लॉ कॉलेज के प्रोफेसर डॉ. सोमनाथ राय भी उपस्थित रहे। उन्होंने देश के प्रत्येक राज्य में समान नागरिक संहिता लागू करने के पक्ष में अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 44 में समान नागरिक संहिता को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश दिया गया है।
चर्चा के दौरान बताया गया कि उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता लागू की जा चुकी है। इसके बाद उत्तर प्रदेश, असम और गुजरात जैसे राज्यों में भी इसे लागू किया गया है। कार्यक्रम में पश्चिम बंगाल सहित देश के सभी राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू करने की आवश्यकता पर भी चर्चा हुई।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता

