‘15 अगस्त तक उत्तर बंगाल छोड़ दें बंगाली’, तृणमूल नेता के बयान से धूपगुड़ी में हड़कंप
जलपाईगुड़ी,12 अगस्त (हि.स.)। उत्तर बंगाल में रहने वाले बंगालियों को 15 अगस्त तक इलाका छोड़ने की कथित धमकी से धूपगुड़ी में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। यह बयान तृणमूल कांग्रेस नेता सुकदेव राय का बताया जा रहा है। सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया। मामले में कुछ युवाओं की ओर से धूपगुड़ी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले में पुलिस ने भी स्वतः संज्ञान लेते हुए केस दर्ज किया है।
वायरल वीडियो में सुकदेव राय कथित तौर पर उत्तर बंगाल में रहने वाले बंगालियों को 15 अगस्त तक क्षेत्र छोड़ने की चेतावनी देते नजर आ रहे हैं। बयान के दौरान उन्होंने वर्ष 2002 में धूपगुड़ी स्थित माकपा कार्यालय पर हुए केएलओ उग्रवादी हमले का भी जिक्र किया।
बताया जा रहा है कि सुकदेव राय धूपगुड़ी के तृणमूल विधायक निर्मलचंद्र राय के करीबी हैं। हालांकि, इस बयान को लेकर सुकदेव राय की ओर से अभी कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
बयान के बाद विभिन्न राजनीतिक दलों ने इसका विरोध किया है।
माकपा के धूपगुड़ी एरिया कमेटी के सचिव जयंत मजूमदार ने आरोप लगाया कि इस तरह के बयान सामाजिक और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश हैं। उन्होंने कहा कि बंगाल को विभाजित करने या अलगाववादी ताकतों को बढ़ावा देने की किसी भी कोशिश के खिलाफ माकपाव्यापक आंदोलन करेगी।
माकपा ने प्रशासन से यह भी मांग की है कि सुकदेव राय के कथित बयान की गंभीरता से जांच की जाए और यह पता लगाया जाए कि उनका किसी अलगाववादी संगठन से कोई संपर्क है या नहीं।
वहीं, भाजपा ने भी तृणमूल नेता के बयान की कड़ी निंदा की है। भाजपा के जलपाईगुड़ी जिला सचिव माधवचंद्र राय ने आरोप लगाया कि सुकदेव राय पहले भी सोशल मीडिया पर कथित रूप से उकसावे वाले बयान दे चुके हैं। उन्होंने प्रशासन से मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
गौरतलब है कि 17 अगस्त 2002 को धूपगुड़ी में माकपा के पार्टी कार्यालय पर केएलओ उग्रवादियों ने हमला किया था। इस हमले में कई लोगों की मौत हुई थी। ऐसे में अगस्त महीने में करीब दो दशक पुराने उस हमले का संदर्भ देते हुए कथित धमकी भरा बयान सामने आने से इलाके में फिर से चिंता और राजनीतिक तनाव बढ़ गया है।
हिन्दुस्थान समाचार / सचिन कुमार

