home page

पश्चिम बंगाल को उद्योग-अनुकूल राज्य बनाने का लक्ष्य, निवेशकों के लिए जमीन और मंजूरी प्रक्रिया होगी आसान: मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी

 | 
पश्चिम बंगाल को उद्योग-अनुकूल राज्य बनाने का लक्ष्य, निवेशकों के लिए जमीन और मंजूरी प्रक्रिया होगी आसान: मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी


- 100 करोड़ रुपये से अधिक निवेश पर पंचायत, नगर निकाय और जिला परिषद की अनुमति की जरूरत नहीं होगी, ‘सिंगल विंडो सिस्टम’ से मिलेगी सभी मंजूरी

कोलकाता, 11 जुलाई (हि.स.)। पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने राज्य को गुजरात और तमिलनाडु की तर्ज पर उद्योग-अनुकूल बनाने का संकल्प दोहराते हुए निवेशकों के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं। हुगली जिले के डानकुनी में लक्स कोज़ी इंडस्ट्रीज़ की दूसरी इकाई के उद्घाटन समारोह में उन्होंने कहा कि राज्य में उद्योग स्थापित करने के लिए जमीन की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी और निवेशकों को प्रशासनिक स्तर पर आने वाली बाधाओं को भी दूर किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार वर्ष 2013 की भूमि क्रय नीति के अनुसार काम कर रही है और वह सिंगूर तथा नंदीग्राम जैसी स्थिति दोबारा नहीं चाहती। उन्होंने बताया कि सरकार ने प्रत्यक्ष भूमि क्रय नीति लागू की है, जिसके तहत आवश्यकता होने पर सरकार स्वयं जमीन खरीदकर उद्योगपतियों को उपलब्ध कराएगी। इसी नीति के तहत सीमा सुरक्षा बल, रेलवे और नए हवाई अड्डों जैसी परियोजनाओं के लिए भी जमीन उपलब्ध कराई जा रही है।

शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य में निवेश करने के इच्छुक उद्योगपतियों को जमीन उपलब्ध कराने की पूरी जिम्मेदारी सरकार उठाएगी, ताकि औद्योगिक परियोजनाएं बिना किसी विवाद के तेजी से शुरू हो सकें।

मुख्यमंत्री ने निवेश प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए एक और महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि 100 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करने वाले उद्योगों को ग्राम पंचायत, पंचायत समिति, जिला परिषद, नगर पालिका या नगर निगम से अलग-अलग अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर होने वाली देरी, अनावश्यक हस्तक्षेप और उत्पीड़न को समाप्त करने के उद्देश्य से यह व्यवस्था लागू की जा रही है।

उन्होंने बताया कि ऐसे सभी बड़े निवेश प्रस्तावों को सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से मंजूरी दी जाएगी। इस प्रणाली के तहत पश्चिम बंगाल औद्योगिक विकास निगम (डब्ल्यूबीआईडीसी), भूमि विभाग और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सहित संबंधित विभाग आवश्यक स्वीकृतियां और अनापत्ति प्रमाण पत्र एक ही मंच से उपलब्ध कराएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य उद्योगों के लिए पारदर्शी, तेज और निवेशक-अनुकूल वातावरण तैयार करना है, जिससे पश्चिम बंगाल में बड़े पैमाने पर निवेश आकर्षित हो और रोजगार के नए अवसर सृजित हों।

---------

हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर