राज्य की सभी विधानसभा सीटों पर खुलेंगे विधायक सेवा केंद्र, नेताजी के नाम पर होगा कार्यालय; मिलेंगे 30 हजार रुपये मासिक
कोलकाता, 12 अगस्त (हि. स.)। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बुधवार को विधानसभा में पश्चिम बंगाल की सभी विधानसभा सीटों पर विधायक सेवा केंद्र खोलने के साथ इनके संचालन के लिए आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। इन सेवा केंद्रों का नाम ‘नेताजी सुभाषचंद्र बोस सेवा केंद्र’ रखना अनिवार्य होगा। राज्य सरकार ऐसे केंद्रों के संचालन के लिए हर महीने 30 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देगी।
मुख्यमंत्री ने कहा की सेवा केंद्र के लिए कुछ शर्तें भी रखी गई हैं। सेवा केंद्र का नाम नेताजी सुभाषचंद्र बोस के नाम पर रखना होगा। इसके अलावा राज्य के सूचना एवं संस्कृति विभाग की ओर से नेताजी की धोती-पंजाबी पहने तस्वीर उपलब्ध कराई जाएगी और उस तस्वीर को सेवा केंद्र में लगाना अनिवार्य होगा।
विधानसभा के विशेष अधिवेशन में इस संबंध में शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि यह प्रस्ताव या शर्त, जो भी कहा जाए, इसके लिए विधानसभा अध्यक्ष को मामले को देखना होगा। उन्होंने कहा कि निर्धारित शर्तों का पालन करने पर ही सेवा केंद्रों को आर्थिक सहायता मिलेगी।
उन्होंने बताया कि अगले विधानसभा अधिवेशन में वित्त मंत्री स्वप्न दास गुप्ता के माध्यम से संबंधित प्रावधान में संशोधन कराया जाएगा। इसके बाद सहायता राशि मिलनी शुरू होगी। प्रस्ताव के अनुसार, अगस्त महीने से ही हर महीने 30 हजार रुपये की राशि दिए जाने की योजना है।
सरकार का कहना है कि विधायक सेवा केंद्रों के माध्यम से आम लोगों को स्थानीय स्तर पर सरकारी योजनाओं, दस्तावेजों और विभिन्न नागरिक सेवाओं से संबंधित सहायता उपलब्ध कराने में सुविधा होगी। उन्होंने कहा कि पार्टी लाइन से परे हटकर जो भी सेवा केंद्र में मदद मांगने के लिए आएंगे, उन्हें सहायता देनी होगी।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में भारतीय जनता पार्टी के राज्यसभा सांसद अनंत महाराज ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस को लेकर विवादित टिप्पणी की है। इस बीच मुख्यमंत्री की यह घोषणा उस विवाद पर विराम लगाने की कोशिश मानी जा रही है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / गंगा

