अभिषेक बनर्जी के करीबी सुमित राय के घर पुलिस पहुंची, तीन दिन में हाजिर होने का नोटिस
कोलकाता, 29 जुलाई (हि. स.)। तृणमूल कांग्रेस सांसद अभिषेक बनर्जी के खास सहायक सुमित राय के घर बुधवार को विष्णुपुर थाने की पुलिस पहुंची और उन्हें तीन दिनों के भीतर थाने में उपस्थित होने का नोटिस दिया। दक्षिण 24 परगना के विष्णुपुर थाने के पुलिसकर्मी बुधवार शाम टॉलीगंज से सटे महावीरतला के 8ए कैनाल रोड स्थित सुमित राय के घर पहुंचे और नोटिस सौंपा।
इधर, बुधवार को ही कलकत्ता हाई कोर्ट में सुमित राय के खिलाफ जमीन संबंधी कथित भ्रष्टाचार के एक मामले की सुनवाई हुई। राज्य सरकार की ओर से अधिवक्ता राजदीप मजूमदार ने अदालत को बताया कि बीएलआरओ (ब्लॉक लैंड एंड लैंड रिफॉर्म्स ऑफिस) कार्यालय से कथित तौर पर जमीन के रिकॉर्ड में हेरफेर की गई और उसके बाद उसे सरकारी पोर्टल पर अपलोड किया गया। उन्होंने दावा किया कि मामले की जांच फिलहाल महत्वपूर्ण चरण में है और सुमित राय कथित तौर पर इसके लाभार्थी हैं।
सुनवाई के दौरान न्यायाधीश ने पूछा कि संबंधित रिकॉर्ड को कंप्यूटरीकृत कब किया गया था। इस पर सरकारी अधिवक्ता ने कहा कि रिकॉर्ड शुरुआत से ही कंप्यूटरीकृत था। उन्होंने आरोप लगाया कि सुमित राय ने प्रभाव का इस्तेमाल किया और सरकारी अधिकारियों पर जमीन की प्रकृति बदलकर दर्ज करने के लिए दबाव बनाया जाता था। सरकारी पक्ष ने सुमित राय को कथित तौर पर इस पूरे मामले का “मास्टरमाइंड” बताया और दावा किया कि सुजय हाजरा उनके निर्देश पर काम करता था।
गौरतलब है कि पश्चिम मेदिनीपुर के शालबनी में सरकारी जमीन पर कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों के जरिए कब्जा करने और उसे बेचने के आरोप सुमित राय पर लगे हैं। आरोप है कि पैसे के बदले सरकारी जमीन बेची जाती थी और इसके लिए कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज तैयार किए जाते थे। यह भी आरोप लगाया गया है कि यह सब अभिषेक बनर्जी के सुमित की कथित सहमति से होता था। हालांकि, सुमित राय के वकीलों ने इन आरोपों को खारिज किया है।
बुधवार को सुमित राय के घर पहुंचे विष्णुपुर थाना पुलिसकर्मियों ने यह स्पष्ट नहीं किया कि नोटिस किस मामले के सिलसिले में दिया गया है। सूत्रों के मुताबिक, विष्णुपुर थाने में दर्ज कथित रंगदारी की शिकायत की जांच के सिलसिले में पुलिस ने यह कार्रवाई की है।
सुमित राय इस समय कहां हैं, इस सवाल पर उनकी मां ने कहा, “मुझे नहीं पता। जमीन खोदकर निकाल लें। भाजपा उन्हें फंसा रही है।”
खबर लिखे जाने तक पुलिस की ओर से मामले को लेकर आधिकारिक तौर पर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई थी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / धनंजय पाण्डेय

