दुर्गापूजा में कोलकाता मेट्रो में 73 लाख यात्रियों ने किया सफर, षष्ठी को रिकॉर्ड भीड़
कोलकाता, 23 अक्टूबर (हि.स.)। दुर्गापूजा के दौरान यातायात की भीड़ से बचने और शहर से लेकर उपनगरीय इलाकों में पूजा पंडालों को देखने के लिए कोलकाता मेट्रो लोगों का प्रमुख सहारा बनी। इस वर्ष पूजा के दौरान मेट्रो में यात्रियों की संख्या ने नया रिकॉर्ड बनाया। चतुर्थी से दशमी तक मेट्रो में 73 लाख से अधिक लोगों ने सफर किया। सबसे अधिक भीड़ षष्ठी के दिन रही, जब 12 लाख से अधिक यात्रियों ने मेट्रो की यात्रा की।
पूजा के दौरान कुछ स्थानों पर यात्रियों की भारी भीड़ के कारण परेशानी भी हुई। कहीं भीड़ के दबाव में दरवाजे बंद होने में दिक्कत आई, तो कहीं मेट्रो से उतरते समय यात्रियों के गिरने की घटनाएं भी सामने आईं। हालांकि, अष्टमी के दिन करीब एक घंटे की बाधा को छोड़कर मेट्रो ने पूजा के दौरान यात्रियों की भारी भीड़ को संभाला।
मेट्रो प्रबंधन के अनुसार, इस वर्ष चतुर्थी से दशमी तक कुल 73 लाख से अधिक यात्रियों ने सफर किया। पिछले वर्ष पंचमी से दशमी तक छह दिनों में छियालीस लाख छप्पन हजार यात्रियों ने मेट्रो की यात्रा की थी। इस बार चतुर्थी से दशमी तक यात्रियों की संख्या में काफी वृद्धि दर्ज की गई। इस दौरान दशमी को सबसे कम तीन लाख 41 हजार यात्रियों ने सफर किया।
इस बार दोनों सप्तमी, अष्टमी और नवमी को लगातार चार दिनों तक रातभर मेट्रो सेवा उपलब्ध रही। इससे लोगों को देर रात तक पूजा पंडालों में घूमने और मेट्रो से घर लौटने की सुविधा मिली। कालीघाट, एस्प्लेनेड, टॉलीगंज, शोभाबाजार, श्यामबाजार, एमजी रोड और गिरिश पार्क जैसे स्टेशनों पर ट्रेनों के रुकते ही यात्रियों की भारी भीड़ देखने को मिली।
मेट्रो के आंकड़ों के मुताबिक, चतुर्थी को ग्यारह लाख साठ हजार, पंचमी को ग्यारह लाख पचहत्तर हजार, षष्ठी को बारह लाख एक हजार, पहली सप्तमी को नौ लाख अठहत्तर हजार, दूसरी सप्तमी को आठ लाख तेरह हजार, अष्टमी को आठ लाख बयालीस हजार, नवमी को आठ लाख और दशमी को तीन लाख इकतालीस हजार यात्रियों ने सफर किया। षष्ठी की रात यात्रियों की संख्या बारह लाख एक हजार तक पहुंच गई, जो इस वर्ष का सबसे बड़ा आंकड़ा रहा।
दोपहर के बाद से ही मेट्रो स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ बढ़ने लगती थी। हालांकि, मेट्रो के आंकड़ों से संकेत मिला कि चोरबागान में हुई दुर्घटना के बाद पूजा देखने आने वाले लोगों की संख्या में कुछ कमी आई।
इस वर्ष यात्रियों की संख्या बढ़ाने में ग्रीन लाइन की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही। दशमी को छोड़कर इस लाइन पर प्रतिदिन औसतन तीन से साढ़े तीन लाख यात्रियों ने सफर किया। वहीं, पंचमी को दमदम स्टेशन पर सबसे अधिक चार लाख 97 हज़ार यात्रियों की आवाजाही दर्ज की गई। इसके बाद कालीघाट स्टेशन पर चार लाख 83 हजार और सियालदह स्टेशन पर चार लाख 19 हजार यात्रियों ने सफर किया। पूजा के दौरान मेट्रो की सेवाओं से यात्रियों ने संतोष जताया।
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हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता

