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स्कूल परिसर में अवैध गैस सिलेंडर भंडारण का खुलासा

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स्कूल परिसर में अवैध गैस सिलेंडर भंडारण का खुलासा


पश्चिम बर्दवान, 05 सितंबर (हि. स.)। रेलपार क्षेत्र के बाबू तालाब स्थित एक गैर सरकारी विद्यालय परिसर में घरेलू गैस सिलेंडरों के कथित अवैध भंडारण का मामला सामने आने के बाद शनिवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की। प्रवर्तन शाखा (ईबी) और आसनसोल उत्तर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने विद्यालय परिसर में छापेमारी कर संबंधित गैस सिलेंडर भंडारण स्थल को सील कर दिया।

बताया गया कि अधिकारियों को सूचना मिली थी कि विद्यालय परिसर के भीतर बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडर रखे जा रहे हैं। सूचना की पुष्टि के लिए संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और परिसर में स्थित भंडारण कक्ष की जांच की। जांच के दौरान वहां बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर पाए जाने की बात सामने आई।

कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने संबंधित पक्ष से गैस सिलेंडरों के भंडारण की अनुमति, अग्नि सुरक्षा प्रमाण-पत्र तथा अन्य आवश्यक वैधानिक दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा। आरोप है कि मौके पर आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए जा सके। इसके बाद सुरक्षा मानकों और कानूनी प्रावधानों के अनुपालन की जांच के मद्देनजर संयुक्त टीम ने भंडारण स्थल को बंद कर सील कर दिया।

विद्यालय परिसर में ज्वलनशील गैस सिलेंडरों के भंडारण की जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और अभिभावकों में भी चिंता देखी गई। विद्यालय परिसर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं का आना-जाना रहता है। ऐसे संवेदनशील स्थान पर गैस सिलेंडरों का भंडारण सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है।

फिलहाल प्रशासन और जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि उक्त भंडारण स्थल का संचालन कौन कर रहा था, गैस सिलेंडर वहां किस माध्यम से पहुंचाए जा रहे थे और विद्यालय प्रबंधन की इस मामले में क्या भूमिका थी। परिसर के व्यावसायिक उपयोग और गैस सिलेंडर भंडारण की अनुमति से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है।

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जांच में यदि नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। विद्यालय जैसे संवेदनशील परिसरों में सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी प्रशासन के साथ-साथ संबंधित संस्थानों की भी है।

इस कार्रवाई के बाद शहर के अन्य विद्यालय परिसरों में सुरक्षा व्यवस्था और व्यावसायिक गतिविधियों की निगरानी को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं।

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हिन्दुस्थान समाचार / संतोष विश्वकर्मा