अनुकंपा नियुक्ति के नाम पर रिश्वत मांगने का आरोप, एसीबी ने बिचौलिए को रंगे हाथों पकड़ा
कोलकाता, 08 सितंबर (हि. स.)। पश्चिम बंगाल के मास एजुकेशन एक्सटेंशन एंड लाइब्रेरी सर्विसेज विभाग में अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति दिलाने के नाम पर रिश्वत मांगने के मामले में भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (एसीबी) ने जाल बिछाकर कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान रिश्वत की रकम लेते हुए एक बिचौलिए को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। मामले में संबंधित सरकारी कर्मचारी को भी गिरफ्तार किया गया है।
एसीबी के अनुसार, शिकायतकर्ता ने अपने पिता की मृत्यु के बाद अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति हासिल करने के लिए रिश्वत मांगे जाने की शिकायत की थी। शिकायत के आधार पर एसीबी ने मामले की जांच शुरू की और संबंधित सरकारी अधिकारी द्वारा रिश्वत की मांग किए जाने के संबंध में पहले से साक्ष्य जुटाए।
इसके बाद एसीबी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। कार्रवाई के दौरान बिचौलिया शिकायतकर्ता से मांगी गई रिश्वत की रकम लेते हुए पकड़ा गया। पूछताछ और जांच के आधार पर मास एजुकेशन एक्सटेंशन एंड लाइब्रेरी सर्विसेज विभाग के अपर डिवीजन असिस्टेंट को भी मामले में गिरफ्तार किया गया।
पश्चिम बंगाल में भ्रष्टाचार के खिलाफ एसीबी की कार्रवाई के सिलसिले में यह कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है। आईपीएस अधिकारी मुरलीधर शर्मा के कमान संभालने के बाद भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में एसीबी की ओर से लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में अनुकंपा नियुक्ति के नाम पर कथित रिश्वतखोरी के इस मामले में भी जाल बिछाकर कार्रवाई की गई है।
हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर

