अब गांव में ही मिलेगी मुफ्त कानूनी मदद, पैडुल में खुला विधिक सेवा केंद्र
पौड़ी गढ़वाल, 04 सितंबर (हि.स.)। ग्रामीणों को छोटी-छोटी कानूनी समस्याओं के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर न काटने पड़ें, इसके लिए ग्रामसभा पैडुल में विधिक सेवा केंद्र की स्थापना की गई है। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के मेगा अभियान के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से स्थापित केंद्र का उद्घाटन प्राधिकरण की सचिव एवं सिविल जज नाज़िश कलीम ने किया।
केंद्र के माध्यम से पात्र और जरूरतमंद ग्रामीणों को गांव में ही निःशुल्क कानूनी सहायता, विधिक परामर्श और उनके अधिकारों से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। उद्घाटन कार्यक्रम में ग्रामीणों को निःशुल्क विधिक सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी गई।
सचिव नाज़िश कलीम ने कहा कि मेगा अभियान का उद्देश्य विधिक सेवाओं को समाज के अंतिम छोर तक पहुंचाना है। आर्थिक या अन्य कारणों से कानूनी सहायता लेने में असमर्थ पात्र लोगों को निःशुल्क सहायता उपलब्ध कराना अभियान की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि विधिक सेवा केंद्र ग्रामीणों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने के साथ जरूरत के अनुसार कानूनी सलाह और सहायता उपलब्ध कराएगा। साथ ही पात्र लोगों को विभिन्न विधिक योजनाओं से जोड़ने और जरूरतमंदों को समय पर सहायता दिलाने में भी केंद्र अहम भूमिका निभाएगा।
कार्यक्रम में ज्येष्ठ उप प्रमुख पौड़ी अर्चना तोपाल, रिटेनर अधिवक्ता गजेन्द्र सिंह रावत, ग्राम प्रधान पैडुल रीमू देवी, ग्राम प्रधान मोल्ठी हरेन्द्र सिंह, अधिकार मित्र सावित्री रावत, सोनम ममगाईं सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / कर्ण सिंह

