चारधाम यात्रा: व्यवस्थाओं की डीएम ने की समीक्षा, मार्गों का किया स्थलीय निरीक्षण
पौड़ी गढ़वाल, 18 अप्रैल (हि.स.)।
चारधाम यात्रा को सुव्यवस्थित, सुरक्षित एवं यात्रीहितकारी बनाने के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने श्रीनगर स्थित तहसील सभागार में रेखीय विभागों के अधिकारियों के साथ विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक के उपरांत जिलाधिकारी ने स्वयं यात्रा मार्गों पर उतरकर व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया और सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध रूप से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं सुगमता प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक में जिलाधिकारी ने यात्रा मार्गों पर साइनेज, शौचालय एवं पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही यात्रियों को भुगतान के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराने हेतु खाद्य अभिहित अधिकारी को नियमित निरीक्षण करने को कहा। होटल एवं ढाबों में रेट लिस्ट अनिवार्य रूप से प्रदर्शित कराने के लिए पर्यटन विभाग को भी निर्देशित किया गया। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कीर्तिनगर पुल से सिरोबगड़ तक मार्ग को तीन जोन में विभाजित करते हुए प्रत्येक जोन में तीन स्थायी एवं तीन अस्थायी चौकियां स्थापित करने के निर्देश दिए गए।
यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने हेतु मुख्य पार्किंग स्थलों के साथ अतिरिक्त पॉकेट पार्किंग चिन्हित करने, ट्रैफिक प्रबंधन को प्रभावी बनाने तथा स्थानीय हितधारकों से फीडबैक लेने के निर्देश दिए गए। अवैध होर्डिंग व बैनर जो यातायात में बाधा बन रहे हैं, उनके विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर तत्काल हटाने के निर्देश भी दिए गए। उपजिलाधिकारी श्रीनगर नूपुर वर्मा ने अवगत कराया कि यात्रा संचालन हेतु तहसील स्तर पर कंट्रोल रूम तथा कलियासौड़ में पोर्टा केबिन स्थापित किया गया है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आपात स्थिति में होल्डिंग एरिया व ट्रांजिट कैंप में विद्युत, पेयजल व शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं सुदृढ़ रहें।
स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए फरासू, धारी देवी एवं भट्टीसेरा में मेडिकल रिलीफ पोस्ट पर चिकित्सकों की रोस्टर के अनुसार तैनाती और जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बेस चिकित्सालय में अतिरिक्त चिकित्सकों की तैनाती के भी निर्देश दिए गए। यात्रा मार्गों पर सफाई व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति के प्रभावी पर्यवेक्षण तथा फरासू व चमधार में अस्थायी सोलर लाइट लगाने को कहा गया। साथ ही ठहराव स्थलों का समय से समतलीकरण और वैकल्पिक मार्गों को भी सुरक्षित बनाए रखने पर जोर दिया गया।
स्थलीय निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कीर्तिनगर पुल से सिरोबगड़ तक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कीर्तिनगर पुल के समीप स्थित सेल्फी प्वाइंट पर सुरक्षा रेलिंग लगाने, उफल्डा क्षेत्र में हैंडपंप को सुचारु रखने तथा सड़क किनारे नालियों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। यात्रा मार्गों के किनारों पर स्वच्छता बनाए रखने और कूड़ा संग्रहण केंद्रों को व्यवस्थित करने पर भी जोर दिया गया।
एनआईटी मैदान स्थित यात्री ठहराव स्थल पर पेयजल, शौचालय एवं विद्युत व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए एनआईटी ट्रांजिट कैंप तक जाने वाले मार्ग को शीघ्र दुरुस्त कराने के निर्देश दिए गए। आवास विकास मैदान में निजी वाहनों को हटाने तथा पेयजल टंकी की क्षमता बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए। इस दौरान जल संस्थान के टोल फ्री नंबर पर कॉल कर शिकायत निवारण प्रणाली का परीक्षण भी किया गया।
कलियासौड़ क्षेत्र में पोर्टा केबिन के समीप पड़े मलबे को तीन दिन के भीतर हटाकर अस्थायी पार्किंग विकसित करने के निर्देश दिए गए। फरासू स्लाइडिंग जोन में मलबा हटाने व सड़क चौड़ीकरण कार्यों में तेजी लाने को कहा गया। चिकित्सा राहत इकाई के निरीक्षण में स्वास्थ्य विभाग को आवश्यक दवाओं व मानव संसाधन की मांग तत्काल भेजने के निर्देश दिए गए।
पुलिस चेकपोस्ट व बैरियरों पर यात्रियों के लिए पेयजल उपलब्ध कराने हेतु वाटर एटीएम अथवा टैंकर के साथ स्टैंड पोस्ट स्थापित करने के निर्देश जल संस्थान को दिए गए। तहसील प्रशासन व नगर निगम को अवैध पार्किंग पर नियंत्रण रखने और छोटे-छोटे पार्किंग स्थल चिन्हित करने को कहा गया।
निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने धारीदेवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर सभी की कुशलक्षेम की कामना की तथा मंदिर के समीप सड़क सुरक्षा दीवार के निर्माण कार्य को शीघ्र प्रारंभ कराने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने पर्यटकों से संवाद कर व्यवस्थाओं पर फीडबैक भी लिया।
निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी नूपुर वर्मा, पुलिस उपाधीक्षक तुषार बोरा, तहसीलदार दीपक भंडारी, सहायक नगर आयुक्त रविराज भंगारी एवं गायत्री बिष्ट, थानाध्यक्ष श्रीनगर कुलदीप सिंह, एई जल संस्थान अर्पित मित्तल सहित अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / कर्ण सिंह

