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चारधाम यात्रा को लेकर एलपीजी की मांग बढ़ी, केंद्र को भेजा जाएगा अतिरिक्त प्रस्ताव

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चारधाम यात्रा को लेकर एलपीजी की मांग बढ़ी, केंद्र को भेजा जाएगा अतिरिक्त प्रस्ताव


-उत्तराखंड में पेट्रोल-डीजल आपूर्ति सामान्य, एलपीजी में बैकलॉग बरकरार

देहरादून, 06 अप्रैल (हि.स.)। चारधाम यात्रा के मद्देनजर उत्तराखंड में एलपीजी और अन्य पेट्रोलियम उत्पादों की बढ़ती खपत को देखते हुए इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड केंद्र सरकार से अतिरिक्त आपूर्ति की मांग करेगी। राज्य में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति फिलहाल सामान्य बनी हुई है और पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।

यह जानकारी सोमवार को पीआईबी देहरादून में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) के राज्य स्तरीय समन्वयक कृष्ण कुमार गुप्ता ने बताया कि पश्चिम एशिया में चल रहे घटनाक्रमों के बीच आपूर्ति व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसी प्रकार की कमी न हो।

उन्होंने बताया कि राज्य में एलपीजी की आपूर्ति नियमित रूप से जारी है, हालांकि अधिक बुकिंग के कारण करीब 6.97 दिन का बैकलॉग बना हुआ है। डायवर्जन रोकने के लिए डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) आधारित डिलीवरी फरवरी 2026 के 53 प्रतिशत से बढ़कर 90 प्रतिशत तक पहुंच गई है। मार्च 2026 से अब तक 3.6 लाख कनेक्शन स्थापित किए गए हैं, जबकि 3.9 लाख से अधिक नए पंजीकरण हुए हैं।

प्रदेश में 978 रिटेल आउटलेट संचालित हैं, जहां पेट्रोल की उपलब्धता लगभग 60,000 किलोलीटर और डीजल की 75,000 किलोलीटर है। सिटी गैस वितरण के तहत पांच कंपनियां सीएनजी और पीएनजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित कर रही हैं तथा 1 मार्च से अब तक 1,388 नए पीएनजी कनेक्शन जोड़े गए हैं।

आंकड़ों के अनुसार 5 अप्रैल को 34,448 एलपीजी बुकिंग और 26,595 डिलीवरी दर्ज की गई। 29 मार्च से 4 अप्रैल के बीच 2,95,624 बुकिंग और 2,50,344 डिलीवरी हुईं। वर्तमान में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत प्रतिदिन करीब 5,000 सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं।

वहीं 5 किलोग्राम सिलेंडरों की आपूर्ति घटकर 800 से 250 प्रतिदिन रह गई है। शहरी क्षेत्रों में डिलीवरी का समय करीब 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन तक पहुंच गया है। गैर-घरेलू आपूर्ति में अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों, होटल-ढाबों और औद्योगिक इकाइयों को प्राथमिकता दी जा रही है। जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए 5,681 निरीक्षण और 301 छापों की कार्रवाई की गई, जिनमें 16 एफआईआर दर्ज और 7 गिरफ्तारियां हुई हैं।

आईओसीएल ने नागरिकों से अपील की है कि वे घबराकर खरीदारी न करें, डिजिटल माध्यम से एलपीजी बुकिंग करें और केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें।

इस मौके पर मनीष कुमार बच्छुवान, वरिष्ठ प्रबंधक (एलपीजी), देहरादून उत्तराखंड भी उपस्थित थे।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय