दुष्कर्म के आरोपित को आजीवन कारावास, एक लाख का जुर्माना
हरिद्वार, 31 जुलाई (हि.स.)। आठ वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म के मामले में अपर जिला जज व फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश लक्ष्मण सिंह ने आरोपित दयानंद पुत्र पृथ्वी सिंह निवासी ग्वाल पारा, मधेपुरा बिहार को दोषी करार देते हुए आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 1 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न देने पर 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
शासकीय अधिवक्ता आदेश चौहान के अनुसार घटना 1 मार्च 2025 की है। पथरी क्षेत्र में बच्ची के माता-पिता खेत में गन्ना छील रहे थे। बच्ची सड़क पर खेल रही थी। माता ने उसे मुर्गा फार्म से मुर्गा लाने भेजा था। देर तक न लौटने पर पिता उसे ढूंढते हुए गन्ने के खेत में पहुंचे तो आरोपी दयानंद बच्ची से दुष्कर्म कर रहा था। पिता के शोर मचाने पर आरोपी भागने लगा। पिता ने पकड़ने की कोशिश की तो आरोपी ने बंदूक दिखाकर डरा दिया।
लहूलुहान हालत में परिजन बच्ची को अस्पताल और पुलिस के पास ले गए। शिकायत पर पुलिस ने दयानंद के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट में केस दर्ज कर जेल भेजा था।
कोर्ट ने पीड़िता को मानसिक, सामाजिक और शारीरिक क्षति के लिए 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने के आदेश दिए हैं। इसमें 5 लाख की एफडी और 5 लाख नगद दिए जाएंगे।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला

