संतुलित बजट, विकसित उत्तराखंड की दिशा में मजबूत कदम: मुख्यमंत्री धामी
देहरादून, 09 मार्च (हि.स.)। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश करते हुए इसे राज्य के समग्र विकास का रोडमैप बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि 'विकसित भारत के लिए विकसित उत्तराखंड' की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य की अर्थव्यवस्था अब लगभग 3.81 लाख करोड़ तक पहुंच गई है और प्रति व्यक्ति आय 2,73,921 अनुमानित है। इस वर्ष राज्य की वास्तविक विकास दर 7.23 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि सरकार ने राजकोषीय घाटा जीएसडीपी के 3 प्रतिशत के भीतर रखा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट का मूल मंत्र सन्तु है और समावेशी विकास, आत्मनिर्भरता, नई सोच, तीव्र विकास, उन्नत गांव और शहर, लोक सहभागिता, आर्थिक शक्ति और न्यायपूर्ण व्यवस्था। उन्होंने कहा, 'यह बजट विकल्प रहित संकल्प से विकसित उत्तराखंड तक की यात्रा का दस्तावेज है।'
बजट के प्रमुख प्रावधान:
कुल व्यय: 1,11,703 करोड़ (राजस्व व्यय 64,989 करोड़, पूंजीगत व्यय 18,153 करोड़)
अनुमानित प्राप्तियां: 1,10,143 करोड़
केंद्र से करों का हिस्सा: 17,415 करोड़, केंद्रीय योजनाओं से सहायता: 18,491 करोड़
लक्ष्य समूह और बड़े प्रावधान:
सामाजिक सुरक्षा पेंशन: 1,327 करोड़
अन्नपूर्ति योजना: 1,300 करोड़
शिक्षा और खेल: 11,871 करोड़
महिला सशक्तिकरण (जेंडर बजट): 19,692 करोड़
कृषि और बागवानी: 1,113 करोड़
पशुपालन, डेयरी और मत्स्य: 815 करोड़
लोक निर्माण विभाग: 2,501 करोड़
ऊर्जा क्षेत्र: 1,609 करोड़
लघु सिंचाई: 1,642 करोड़
नई योजनाएं:
कुंभ मेला: 1,027 करोड़
साइबर सुरक्षा: 15 करोड़
इको-टूरिज्म इंफ्रास्ट्रक्चर: 18.5 करोड़
एआई व उभरती तकनीक: 13 करोड़
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय

