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सुधार परीक्षा के बाद हाईस्कूल का परिणाम 4 फीसदी बढ़ा, इंटर में 91.80 फीसदी

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सुधार परीक्षा के बाद हाईस्कूल का परिणाम 4 फीसदी बढ़ा, इंटर में 91.80 फीसदी


रामनगर, 19 अगस्त (हि.स.)। उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद ने हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2026 का परिणाम बुधवार को घोषित कर दिया। सुधार परीक्षा के बाद हाईस्कूल का कुल बोर्ड परीक्षाफल 92.10 फीसदी से बढ़कर 96.07 फीसदी, जबकि इंटरमीडिएट का 85.11 फीसदी से बढ़कर 91.80 फीसदी हो गया है।

उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद के सभापति एवं निदेशक माध्यमिक शिक्षा वीपी सिमल्टी ने बताया कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2026 (प्रथम) के तहत हाईस्कूल का परिणाम 83.13 फीसदी रहा। इसमें बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 82.61 और बालिकाओं का 84.34 फीसदी रहा। इंटरमीडिएट में कुल परिणाम 73.35 फीसदी रहा, जिसमें 71.20 फीसदी बालक और 76.07 फीसदी बालिकाएं उत्तीर्ण हुईं।

उन्होंने बताया कि सुधार परीक्षा के बाद हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 96.07 फीसदी हो गया है। इसमें बालकों का परिणाम 93.94 और बालिकाओं का 98.14 फीसदी है। इसी तरह इंटरमीडिएट का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत बढ़कर 91.80 फीसदी हो गया है, जिसमें 89.26 फीसदी बालक और 94.16 फीसदी बालिकाएं शामिल हैं।

परिषद ने परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2025 (तृतीय) का परिणाम भी घोषित किया है। इसके तहत हाईस्कूल में कुल 66.67 फीसदी परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए। बालकों का परिणाम 71.88 और बालिकाओं का 57.89 फीसदी रहा। इंटरमीडिएट में कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 58.70 रहा, जिसमें बालकों का 61.54 और बालिकाओं का 55 फीसदी परिणाम रहा।

विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने सुधार परीक्षा में सफल छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा उन विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण अवसर है, जो मुख्य बोर्ड परीक्षा में किसी विषय में अनुत्तीर्ण रहे हों या अपने अंकों में सुधार करना चाहते हों। उन्होंने कहा कि यह परीक्षा विद्यार्थियों को मेहनत के बल पर बेहतर परिणाम हासिल करने का एक और अवसर प्रदान करती है।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय