बीमा रिफंड के नाम पर 72 लाख की ठगी: एनपीसीआई अधिकारी बनकर जाल में फंसाया
हल्द्वानी, 19 जुलाई (हि.स.)। साइबर ठगों ने हल्द्वानी के एक बुजुर्ग को बीमा पॉलिसियों का प्रीमियम और बोनस वापस दिलाने का झांसा देकर 72.33 लाख रुपए की ऑनलाइन ठगी कर ली। पीड़ित की शिकायत पर कुमाऊं रेंज रुद्रपुर के साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
हल्द्वानी में बिठौरिया नंबर-1, शिवशक्ति विहार के रहने वाले पीड़ित सुरेंद्रसिंह के अनुसार ठगों ने खुद को एनपीसीआई का अधिकारी बताकर दावा किया कि उनकी पांच बीमा पॉलिसियों का करीब एक करोड़ रुपए प्रीमियम और बोनस वापस मिल सकता है। इसके बाद प्रोसेसिंग फीस, टैक्स और अन्य शुल्क के नाम पर लगातार रकम जमा कराई गई। लंबे समय तक रिफंड नहीं मिलने और आरोपियों के मोबाइलबंद होने पर पीड़ित को ठगी का पता चला।
पीड़ित के अनुसार परिवार ने 2024 में विभिन्न बीमा कंपनियों से पांच पॉलिसियां खरीदी थीं। पहली किस्त के रूप में करीब 80 हजार रुपए जमा किए थे, लेकिन बाद की किस्तें जमा नहीं हो सकीं। इसी आधार पर ठगों ने उन्हें अपना निशाना बनाया।
जुलाई 2025 में एक व्यक्तिने खुद को संदीप शर्मा बताते हुए एनपीसीआई का असिस्टेंट मैनेजर और फंड ट्रांसफर मैनेजर होने का दावा किया। उसने आधार कार्ड, पैन कार्ड और फोटो व्हाट्सएप पर मंगवाए। दस्तावेज मिलने के बाद फीस, टैक्स, जीएसटी, प्रोसेसिंग चार्ज और अन्य शुल्क के नाम पर बार-बार रकम जमा कराई गई।
पीड़ित ने 84 ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के जरिए बोब, पीएनबी और एक्सिस बैंक के खातों से कुल 72,33,600 रुपए आरोपियों के बताए गए खातों में भेजे। जब न कोई रिफंड मिला और न ही आरोपियों से संपर्क हो सका, तब उन्होंने साइबर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, व्हाट्सएप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
साइबर इंस्पेक्टर अरुण कुमार के अनुसार पीड़ित की तहरीर के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है. मामले की जांच शुरू कर दी गई है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साइबर ठगी केपूरे नेटवर्क का पता लगाकर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / डी तिवारी

