संत रविदास की 650वीं जयंती पर काशी में जुटेंगे देश-विदेश के लाखों रविदासी श्रद्धालु
—संभावित जनसैलाब का आकलन कर सीर गोवर्धनपुर में नगर निगम ने तैयारियों की रफ्तार बढ़ाई
—महापौर के निर्देश पर गठित क्यूआरटी, पेयजल, सीवर और स्ट्रीट लाइट की समस्याओं का होगा त्वरित समाधान
वाराणसी,25 जुलाई (हि.स.)। संत शिरोमणि गुरु रविदास महाराज की 650वीं जयंती पर वाराणसी में उनकी जन्मस्थली सीर गोवर्धनपुर स्थित संत रविदास मंदिर में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु मत्था टेकने आएंगे। इस धार्मिक समागम को लेकर तैयारियां प्रशासनिक तैयारियां अन्तिम दौर में है। वहीं, आगामी 29 जुलाई को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के भी संत रविदास मंदिर में शीश नवाजने और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए आगमन की पूरी संभावना है। ऐसे में काशी आने वाले लाखों भक्तों और श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए प्रशासनिक अमला और नगर निगम पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। महापौर अशोक कुमार तिवारी के निर्देश पर शहर और मंदिर परिसर के आसपास के सभी प्रमुख मार्गों पर विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं। नगर निगम के अधिकारी खुद धरातल पर उतरकर सभी व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहे हैं।
महापौर के अनुसार श्रद्धालुओं को सुगम वातावरण देने के लिए निगम ने विशेष 'क्विक रिस्पांस टीम' (क्यूआरटी) का गठन किया है। यह टीम सीर गोवर्धनपुर क्षेत्र और श्रद्धालुओं के आवागमन वाले मार्गों पर 24 घंटे सक्रिय रहेगी। साफ-सफाई, सीवर ओवरफ्लो, पेयजल आपूर्ति और मार्ग प्रकाश (स्ट्रीट लाइट) से जुड़ी किसी भी समस्या की सूचना मिलते ही यह टीम मौके पर पहुंचकर उसका त्वरित निस्तारण करेगी। आयोजन के दौरान सीर गोवर्धनपुर और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता व नागरिक सुविधाओं को बनाए रखने के लिए नगर निगम के अधिकारी खुद स्थल पर कैंप करेंगे। निगम का लक्ष्य है कि संत रविदास जी की जन्मस्थली पहुंचने वाले हर श्रद्धालु को काशी में सुगम, स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी

