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आरएसएस के पथ संचलन में दिखा अनुशासन और उत्साह का संगम

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आरएसएस के पथ संचलन में दिखा अनुशासन और उत्साह का संगम


मीरजापुर, 22 मार्च (हि.स.)। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ(आरएसएस)के शताब्दी वर्ष और हिंदू नववर्ष के उपलक्ष्य में रविवार को नगर में भव्य पथ संचलन निकाला गया। इसमें जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए सैकड़ों स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में अनुशासित ढंग से भाग लिया। सफेद शर्ट, खाकी पैंट और काली टोपी पहने स्वयंसेवक दंड लेकर कदमताल करते हुए नगर भ्रमण पर निकले। जगह-जगह स्वागत द्वार बनाकर पुष्पवर्षा के साथ उनका अभिनंदन किया गया।

पथ संचलन बीएलजे मैदान महुअरिया से शुरू होकर गिरधर चौराहा,बेलतर, डंकीनगंज,तेलियागंज,अनगढ़ रोड,शुक्लहा और तहसील चौराहा होते हुए पुनः मैदान में समाप्त हुआ। इससे पहले आयोजित सभा में संघ संस्थापक केशव बलिराम हेडगेवार के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की गई।

इस मौके पर काशी प्रान्त के प्रान्त प्रचारक रमेश ने कहा कि भारत की पहचान विश्वबंधुत्व की रही है और दुनिया ने हमें 'विश्वगुरु' कहा। आज पुनः भारत उसी दिशा में अग्रसर है। उन्होंने बताया कि संघ की गतिविधियां देशभर में तेजी से विस्तार कर रही हैं और समाज में सेवा व संस्कार का भाव मजबूत हो रहा है। उन्होंने वैश्विक परिस्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि विश्व के कई देश संघर्ष में उलझे हैं,लेकिन भारत शांति और सद्भाव के साथ आगे बढ़ रहा है।

उन्होंने स्वामी दयानंद सरस्वती के 'वेदों की ओर लौटो' और डॉ.हेडगेवार के 'संस्कृति व स्वाभिमान की ओर लौटो' के संदेश को आज भी प्रासंगिक बताया। कहा कि हिंदू नववर्ष पुनर्जागरण, स्वाभिमान और सांस्कृतिक चेतना का प्रतीक है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ.संजीव कुमार सिंह ने सामाजिक समरसता,पर्यावरण संरक्षण और नागरिक कर्तव्यों पर बल दिया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि,पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।--------------

हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा