home page

अगले 10 वर्षों में लखनऊ को टेक्नोलॉजी का केंद्र बनाना होगा : योगी आदित्यनाथ

 | 
अगले 10 वर्षों में लखनऊ को टेक्नोलॉजी का केंद्र बनाना होगा : योगी आदित्यनाथ


-मुख्यमंत्री योगी एचसीएल टेक लखनऊ की 10वीं वर्षगांठ पर आयोजित कार्यक्रम में हुए शामिल

-लखनऊ को भारत की अग्रणी एआई इनोवेशन सिटीज में स्थापित करने का है लक्ष्य, इस अभियान में एचसीएल बने भागीदारः मुख्यमंत्री योगी

लखनऊ, 06 अक्टूबर (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को एचसीएल टेक लखनऊ की 10वीं वर्षगांठ पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अगले दस वर्ष के लिए हमें लखनऊ को सिर्फ आईटी सर्विसेज के लिए ही नहीं बल्कि एआई, सेमीकंडक्टर, साइबर सिक्योरिटी, कम्प्यूटिंग टेक्नोलॉजी, और डीप टेक टेक्नोलॉजी के लिए भी केंद्र बनाना होगा।

मुख्यमंत्री योगी ने अपने संबोधन में कहा कि एचसीएल ने 10 वर्ष पहले यूपी को और लखनऊ को चुना, और लखनऊ ने एचसीएल को अपनाया। दोनों की इस साझा यात्रा पर आज उत्तर प्रदेश का हर व्यक्ति गौरव की अनुभूति कर सकता है। उन्होंने कहा कि इस कैम्पस की सफलता के पीछे यहां के कर्मचारियाें की मेहनत ताे है ही लेकिन इस मेहनत के साथ एक दुआ है किसी मां की, एक पिता की कि उसके बेटे बेटियाें का सपना साकार हो रहा है, एक विश्वास के साथ लखनऊ को वैश्विक स्तर पर पहचान दे रहा है, जाे आज हम सबके सामने एचसीएल के रूप में राजधानी लखनऊ में देखने को मिल रहा है।

मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि आज से 10 वर्ष पहले क्या स्थिति थी ! यूपी का कोई युवा डिग्री लेता था तो कॅरियर के लिए दिल्ली, बेंगलुरु, हैदराबाद, मुंबई को चुनना पड़ता था। आज, हमारा यूपी का युवा कॅरियर के लिए लखनऊ को तो चुन ही रहा है, दुनिया का युवा भी यूपी में आ रहा है। यह पहचान और चेंज है। एक समय यूपी का युवा अन्य जगहों पर भटकता था। आज यूपी का युवा लखनऊ को चुन रहा है और दुनिया का युवा लखनऊ को चुनने को मजबूर हो रहा है। आज यूपी में नाइट शिफ्ट में बेटियां और बहनें बेझिझक काम करती हैं, बेझिझक घर जाती हैं।

उन्होंने कहा कि 10 वर्ष पहले जो लोग संकट बने थे, पुलिस अधिकारियों को टारगेट करके भय - दहशत पैदा करते थे, आज वे स्वयं ही पुलिस की गाड़ी देखते हैं तो उनकी हालत खराब हो जाती है ! कोई भी बदमाश अब बहन- बेटी को छेड़ने का दुस्साहस नहीं कर सकता, क्योंकि उसे मालूम है अगर उसने किया तो उसकी अगली यात्रा इस लोक की नहीं, किसी दूसरे लोक की होने वाली है !

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि आज जिन कार्यों का शुभारंभ हो रहा है, हम चाहते हैं कि दस वर्ष के उत्सव की इस कहानी को अगले दस वर्ष के लिए, हम लखनऊ को सिर्फ आईटी सर्विसेज के लिए ही नहीं बल्कि एआई, सेमीकंडक्टर, साइबर सिक्योरिटी, कम्प्यूटिंग टेक्नोलॉजी, और डीप टेक टेक्नोलॉजी के लिए भी केंद्र बनाना होगा। इसके लिए हमें खुद को तैयार करना होगा।

योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास सबसे बड़ी ताकत अपनी जमीन की रही है, हमारे पास दुनिया की सबसे उर्वरा भूमि है। मैं कहता हूं कि हमारे पास कीमती जमीन है और सबसे यंग वर्क फोर्स भी है। यंग फोर्स की सबसे बड़ी प्रतिभा की ताकत हमारे पास है। यही मेरी सबसे बड़ी सामर्थ्य और शक्ति है।

लखनऊ में पहले हम सब देखते थे कि लोग कहते थे कि मुस्कराइए आप लखनऊ में हैं ! लेकिन लखनऊ की गंदगी, उत्तर प्रदेश में उस समय की परिस्थितियां, कट्टा बम से स्वागत होता था। माफिया की समानांतर सरकार होती थी। युवाओं के लिए कोई अवसर नहीं होते थे, बिजली के बारे में कहना ही क्या था। बिजली यूपी में कुछ परिवारों के लिए पेटेंट थी। आज यूपी बदल चुका है। पहचान का संकट नही है। रोजगार का संकट नहीं है। नौकरी का भी संकट नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने साढ़े नौ वर्ष में 10 लाख नौजवानों को सरकारी नौकरी दी है।

उत्तर प्रदेश एचसीएल ग्रुप की कर्मभूमि, यहां की प्रतिभा और अवसरों पर हमारा अटूट विश्वास : रोशनी नादर

एचसीएल टेक की चेयरपर्सन रोशनी नादर मल्होत्रा ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश एचसीएल ग्रुप की कर्मभूमि और उसका घर है। इसी धरती ने संस्थापक शिव नादर के भारत को ग्लोबल टेक्नोलॉजी मैप पर स्थापित करने के सपने को आधार दिया। उन्होंने कहा कि 2016 में लखनऊ में एचसीएल आईटी सिटी में निवेश का निर्णय केवल कारोबारी फैसला नहीं, बल्कि इस विश्वास का प्रतीक था कि सही अवसर, इंफ्रास्ट्रक्चर और वातावरण उपलब्ध होने पर ग्लोबल टेक्नोलॉजी और टैलेंट महानगरों से बाहर भी विकसित हो सकते हैं।

उन्होंने कहा कि एचसीएल आईटी सिटी की 10वीं वर्षगांठ पर फेज-2 का शुभारंभ, 500 करोड़ रुपये का निवेश और करीब 6,000 प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर उत्तर प्रदेश के युवाओं और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण हैं। रोशनी नादर ने बताया कि एचसीएल स्थानीय कॉलेजों के 1,000 छात्रों के लिए एआई प्रशिक्षण कार्यक्रम भी शुरू कर रहा है, जिससे उन्हें भविष्य के लिए फ्यूचर-रेडी स्किल्स और नए करियर अवसर मिलेंगे। उन्होंने कहा कि एचसीएल फाउंडेशन के माध्यम से उत्तर प्रदेश में करीब 50 लाख लोगों के जीवन पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व और राज्य सरकार के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास और आर्थिक प्रगति की इस यात्रा का हिस्सा बनना एचसीएल ग्रुप के लिए गौरव की बात है।

मुख्यमंत्री ने एचसीएल आईटी सिटी लखनऊ के फेज-2 का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर एचसीएल आईटी सिटी लखनऊ के फेज-2 विस्तार का शुभारंभ किया। लगभग 500 करोड़ रुपये के निवेश से 20 एकड़ भूमि पर करीब 9.5 लाख वर्गफुट का नया क्षेत्र विकसित किया जाएगा, जिसमें नया आईटी भवन, करीब 5,000 सीटों की क्षमता, मल्टीलेवल कार पार्किंग और कैफेटेरिया जैसी आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी। इस विस्तार से लखनऊ में करीब 6,000 नए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है।

हिन्दुस्थान समाचार / दिलीप शुक्ला