योगी सरकार ने प्रदान की कृषि क्षेत्र की वित्तीय स्वीकृतियां, किसानों का होगा सर्वांगीण उत्थान : सूर्य प्रताप शाही
लखनऊ, 09 मार्च (हि.स.)। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश में कृषि क्षेत्र के विकास और कृषकों की समृद्धि के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत कुल 108.39 करोड़ रुपये (10839.17 लाख रुपये) की महत्वपूर्ण वित्तीय स्वीकृतियां प्रदान की गई हैं। यह धनराशि विभिन्न केंद्रीय और राज्य प्रायोजित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु आवंटित की गई है, जिससे प्रदेश में उन्नत कृषि तकनीकों और सतत कृषि पद्धतियों को बढ़ावा मिलेगा।
सरकार द्वारा जारी की गई वित्तीय स्वीकृतियों में नेशनल मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन एण्ड टेक्नोलॉजी (NMAET) योजना के अंतर्गत संचालित 'सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन मैकेनाइजेशन' हेतु सर्वाधिक 40.89 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है। इसी क्रम में, सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन मैकेनाइजेशन फॉर इन-सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेड्यूज योजना के मानक मद-27 (सब्सिडी) हेतु 35.75 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, नेशनल मिशन फॉर सस्टेनेबल एग्रीकल्चर के अंतर्गत इन-सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेड्यूज हेतु 'प्रमोशन ऑफ एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन' के मानक मद-27 (सब्सिडी) के लिए 13.85 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।
वित्तीय स्वीकृतियों के अगले चरण में, नेशनल मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन एण्ड टेक्नोलॉजी के अंतर्गत सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन मैकेनाइजेशन के मानक मद-27 (सब्सिडी) हेतु 11.90 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। साथ ही, नेशनल मिशन फॉर सस्टेनेबल एग्रीकल्चर के अंतर्गत अनुसूचित जातियों के लिए विशेष घटक योजना (एससीपी) की द्वितीय किस्त के रूप में 6.28 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।
कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने सोमवार को कहा कि इन स्वीकृतियों से प्रदेश के किसानों और कृषि क्षेत्र का वास्तविक उत्थान सुनिश्चित होगा। उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य ध्येय आधुनिक कृषि यंत्रों और उन्नत तकनीक के माध्यम से खेती को सुगम और लाभकारी बनाना है। आवंटित धनराशि से किसानों को सब्सिडी और तकनीकी सहायता प्राप्त होगी, जिससे राज्य की कृषि उत्पादकता में वृद्धि होगी और कृषकों के जीवन स्तर में सकारात्मक सुधार आएगा।
हिन्दुस्थान समाचार / बृजनंदन

