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गोरखपुर विश्वविद्यालय के छात्र और अंतर्राष्ट्रीय किकबॉक्सर सनी सिंह बने तीन संस्थाओं के ब्रांड एंबेसडर

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गोरखपुर विश्वविद्यालय के छात्र और अंतर्राष्ट्रीय किकबॉक्सर सनी सिंह बने तीन संस्थाओं के ब्रांड एंबेसडर


गोरखपुर, 30 मार्च (हि.स.)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के छात्र और अंतरराष्ट्रीय किकबॉक्सर सनी सिंह ने एक बार फिर जिले का मान बढ़ाया है। सनी सिंह की खेल प्रतिभा और सामाजिक कार्यों के प्रति उनके समर्पण को देखते हुए उन्हें तीन प्रतिष्ठित संस्थाओं— ऐशप्रा फाउंडेशन (स्पोर्ट्स), फ्लाईअप फाउंडेशन (नवाचार लैब) और यूनाइटेड यूथ एसोसिएशन ऑफ पूर्वांचल का आधिकारिक ब्रांड एंबेसडर नियुक्त किया गया है।

कुलपति ने दी बधाई

इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने कहा, यह हमारे विश्वविद्यालय के लिए अत्यंत गर्व का विषय है। ऐशप्रा फाउंडेशन, फ्लाईअप फाउंडेशन और पूर्वांचल यूथ वेलफेयर एसोसिएशन समाज और छात्रों के उत्थान में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। हमें हर्ष है कि हमारे छात्र सनी सिंह को इन संस्थाओं का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिला है। सनी न केवल खेल के मैदान में, बल्कि सामाजिक सरोकारों में भी उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं।

संस्था प्रमुखों के विशेष संदेश

अतुल सराफ (चेयरमैन, ऐशप्रा ग्रुप): सनी सिंह केवल एक खिलाड़ी नहीं, बल्कि दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक हैं। ऐशप्रा फाउंडेशन हमेशा उभरती प्रतिभाओं के साथ खड़ा है। सनी की ऊर्जा युवाओं को खेलों की ओर प्रेरित करेगी।

अभय सिंह (संस्थापक, फ्लाईअप फाउंडेशन): इनोवेशन लैब के लिए सनी से बेहतर कोई चेहरा नहीं हो सकता था। जिस तरह वे तकनीक और खेल के बीच संतुलन बनाते हैं, वह आने वाली पीढ़ी के लिए एक बेहतरीन मिसाल है।

नारायण दत्त पाठक (संस्थापक, यूनाइटेड यूथ एसोसिएशन): सनी सिंह ने पूर्वांचल के युवाओं के लिए एक बेंचमार्क सेट किया है। समाज के प्रति उनकी संवेदनशीलता उन्हें एक सच्चा आइकन बनाती है।

उपलब्धियों का सफर: रिंग से समाज सेवा तक

सनी सिंह का करियर न केवल पदकों से भरा है, बल्कि उनकी सामाजिक पहल 'मिशन अपराजिता' ने उन्हें एक जननायक के रूप में स्थापित किया है।

खेल जगत में कीर्तिमान:

लगातार 3 बार नेशनल मेडलिस्ट (2023-2025): राष्ट्रीय स्तर पर अपनी धाक जमाई।

2 बार अंतरराष्ट्रीय मेडलिस्ट (2025-2026): तिरंगे का मान वैश्विक स्तर पर बढ़ाया।

वर्ल्ड कप (उज्बेकिस्तान): दुनिया के टॉप 10 खिलाड़ियों में शामिल होते हुए 5वीं रैंक हासिल की।

वर्ल्ड चैंपियनशिप (अबू धाबी, UAE): दुनिया के टॉप 20 फाइटर्स में 9वीं रैंक पर रहे।

सामाजिक योगदान:

सनी सिंह केवल पदक जीतने तक सीमित नहीं रहे। 'मिशन अपराजिता' के माध्यम से उन्होंने अब तक 5,000 से अधिक बेटियों को नि:शुल्क आत्मरक्षा (Self-Defense) का प्रशिक्षण दिया है, ताकि वे समाज में निडर होकर आगे बढ़ सकें।

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हिन्दुस्थान समाचार / प्रिंस पाण्डेय