स्वच्छता कर्मियों और बालिकाओं के सशक्तीकरण के लिए नगर निगम ने एफआईसीसीआई एफएलओ के साथ किया करार
कानपुर, 13 अगस्त (हि.स.)। स्वच्छता कर्मियों और उनके परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के साथ नगर निगम विद्यालयों की बालिकाओं को डिजिटल और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित कौशल से जोड़ने की पहल की गई है। यह बातें नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने गुरुवार को कानपुर नगर निगम और फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री लेडीज ऑर्गनाइजेशन (एफआईसीसीआई एफएलओ) कानपुर के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) होने के दौरान कहीं।
सामाजिक सशक्तीकरण और समावेशी विकास के उद्देश्य से नगर निगम और एफआईसीसीआई एफएलओ कानपुर के बीच दो समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए। नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय और एफआईसीसीआई एफएलओ कानपुर की चेयरपर्सन अंकिता गर्ग ने समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए।
पहले समझौते के तहत स्वच्छता कर्मियों और उनके परिवारों को सरकारी योजनाओं तथा उनके अधिकारों की जानकारी देने के लिए ‘हकदारशक’ कार्यक्रम चलाया जाएगा। इसके माध्यम से स्वच्छता कर्मियों को योजनाओं की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और जरूरी दस्तावेजों की जानकारी देने के साथ आवेदन में सहयोग किया जाएगा, ताकि वे सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठा सकें।
दूसरे समझौते के तहत नगर निगम विद्यालयों में पढ़ने वाली बालिकाओं को डिजिटल और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित कौशल से सशक्त किया जाएगा। इसके जरिए छात्राओं में डिजिटल साक्षरता, तकनीकी समझ और आधुनिक कौशल विकसित करने पर जोर दिया जाएगा, जिससे वे शिक्षा और भविष्य के अवसरों के लिए बेहतर ढंग से तैयार हो सकें।
नगर आयुक्त ने कहा कि दोनों समझौते स्वच्छता कर्मियों के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तीकरण और नगर निगम विद्यालयों की बालिकाओं के डिजिटल सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। दोनों संस्थाओं के सहयोग से कार्यक्रमों को जमीनी स्तर पर प्रभावी तरीके से लागू करने का प्रयास किया जाएगा।
कार्यक्रम में एफआईसीसीआई एफएलओ की ओर से डॉ. शेफाली राज और सुषमा सिंह मौजूद रहीं।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

