पहले वाराणसी, अब कानपुर : कोडीन सरगना की 9.50 करोड़ की सम्पत्ति फ्रीज
कानपुर, 26 फरवरी (हि.स.)। जनपद की क्राइम ब्रांच टीम ने कोडीन युक्त कफ सिरप और नशीली दवाओं के सरगना विनोद अग्रवाल के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गुरुवार को करीब नौ करोड़ 50 लाख रुपये की पांच सम्पत्तियों को फ्रीज कर दिया है। इससे पहले वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस ने भी चकेरी, फीलखाना और सिविल लाइंस समेत पांच सम्पत्तियों को फ्रीज किया था। इसके अलावा शातिर ने आठ अलग-अलग कम्पनियों की करीब 26 लाख कोडीन युक्त सिरप की बोतलें मंगवाई थीं, जिसका रिकॉर्ड पुलिस के पास है।
पुलिस उपायुक्त अपराध श्रवण कुमार सिंह ने बताया कि उनके द्वारा दवाओं के निर्माताओं और फैक्ट्री से सम्बंधित डाटा पुलिस ने एकत्रित कर लिया है। इसके अलावा जहां-जहां भी यह सप्लाई किया गया था, उन्हें भी चिन्हित कर लिया गया है। पूरे मामले में करीब 50 पुलिस कर्मियों की टीम का गठन किया गया था। जो अपने-अपने स्तर पर कार्रवाई कर रही हैं। वही माफिया विनोद अग्रवाल कई राज्यों में सिरप सप्लाई करता था।
उन्होंने बताया कि औषधि लाइसेंस की आड़ में एनडीपीएस श्रेणी से सम्बंधित कोडीन युक्त सिरप व नशीली दवाई बेचने के मामले में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की सचिव रोशन जैकब ने छापेमारी करते हुए एक लाख बोतल कफ सिरप बरामद किया था। इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया था कि करीब 20 लाख बोतल कोडीन युक्त सिरप की बिक्री हुई थी।
डीसीपी ने बताया कि विनोद का सिंडिकेट पूरे उत्तर प्रदेश के साथ-साथ देश के उन राज्यों में फैला हुआ था। जिसकी बारीकी से जांच की जा रही है। इसके अलावा मामले में जो भी अन्य दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

