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अग्निकांड लापरवाही का नतीजा, व्यापारियों को मुआवजा दे सरकार : सिद्धार्थ काशीवार

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अग्निकांड लापरवाही का नतीजा, व्यापारियों को मुआवजा दे सरकार : सिद्धार्थ काशीवार


कानपुर, 10 अप्रैल (हि.स.)। फूलबाग फल मंडी का अग्निकांड कोई प्राकृतिक आपदा नहीं, बल्कि बिजली विभाग की घोर लापरवाही का नतीजा है। व्यापारियों का जो नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई करना सरकार और विभाग की नैतिक जिम्मेदारी है। पीड़ितों को जल्द मुआवजा मिलना चाहिए। यह बातें शुक्रवार को उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के अध्यक्ष सिद्धार्थ काशीवार ने कही।

फूलबाग की फल मंडी में हुई आगजनी की घटना को लेकर व्यापारियों में आक्रोश बना हुआ है। उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के तत्वाधान में आज मंडल अध्यक्ष सिद्धार्थ काशीवार के नेतृत्व में व्यापारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डाक के माध्यम से भेजा गया।

व्यापार मंडल के पदाधिकारी और पीड़ित व्यापारी बड़ा चौराहा स्थित प्रधान डाकघर (जीपीओ) पहुंचे, जहां से उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को रजिस्टर्ड डाक के जरिए अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन प्रेषित किया।

व्यापारियों का आरोप है कि केस्को की लापरवाही और जर्जर बिजली तारों के कारण शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे यह भीषण अग्निकांड हुआ। उन्होंने कहा कि कई बार शिकायत करने के बावजूद बिजली विभाग ने सुरक्षा मानकों पर ध्यान नहीं दिया।

इस हादसे में कई छोटे और मध्यम वर्गीय फल व्यापारियों की जीवनभर की पूंजी जलकर खाक हो गई, जिससे पीड़ित परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि अब तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस राहत नहीं मिली है, जिससे उन्हें सीधे मुख्यमंत्री से गुहार लगानी पड़ी।

ज्ञापन में व्यापारियों ने प्रत्येक प्रभावित व्यापारी को दो लाख पचहत्तर हजार रुपये मुआवजा देने, पुरानी जगह पर पुनः दुकान लगाने की अनुमति देने तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।

मंडल अध्यक्ष सिद्धार्थ काशीवार ने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री पीड़ित व्यापारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए उचित मुआवजे की घोषणा करेंगे।

इस दौरान संगठन मंत्री आनंद गुप्ता, अजय आनंदी, अजय श्रीवास्तव शीलू, रूबी कटेरिया, दिलीप सिंह सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। अग्निकांड पीड़ितों का नेतृत्व प्रीति सोनकर ने किया, जिसमें 29 पीड़ित परिवार भी मौजूद रहा।

अंत में व्यापारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो व्यापार मंडल बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होगा।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप