किसान के बेटे दीपक ने बिना कोचिंग नीट-यूजी 2026 में हासिल की सफलता, डॉक्टर बनने का सपना होगा साकार
देवरिया, 18 जुलाई (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के देवरिया जनपद में भलुअनी विकासखंड के पिपरादौला कदम गांव निवासी किसान के बेटे दीपक मद्धेशिया ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-UG) 2026 में शानदार सफलता हासिल कर परिवार और जिले का नाम रोशन किया है। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने बिना किसी महंगे कोचिंग संस्थान का सहारा लिए घर पर स्वाध्याय कर यह उपलब्धि प्राप्त की।
दीपक के पिता दयाशंकर मद्धेशिया पेशे से किसान हैं। आर्थिक चुनौतियों के बीच भी उन्होंने अपने बेटे की पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी। मेहनत और लगन के दम पर दीपक ने नीट-यूजी 2026 में 98.87 ओवरऑल परसेंटाइल प्राप्त करते हुए ऑल इंडिया रैंक (एआईआर) 22,388 हासिल की। वहीं अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी-एनसीएल) श्रेणी में उनकी रैंक 10,694 रही।
दीपक का सपना बचपन से ही डॉक्टर बनकर गरीब, जरूरतमंद और असहाय लोगों की सेवा करना रहा है। उनकी माता शांति देवी ने बताया कि वह पढ़ाई के साथ-साथ सामाजिक गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं और हमेशा सेवा भाव से प्रेरित रहते हैं।
स्वच्छ भलुअनी स्वस्थ भलुअनी (यूथ ब्रिगेड) के संस्थापक एवं निफा के जिलाध्यक्ष संतोष मद्धेशिया वैश्य ने शनिवार काे बताया कि दीपक अपने बड़े भाई इंजीनियर अमरजीत मद्धेशिया से प्रेरित होकर अब तक चार बार स्वैच्छिक रक्तदान कर चुके हैं। कम उम्र में समाज सेवा के प्रति उनकी यह प्रतिबद्धता अन्य युवाओं के लिए भी प्रेरणादायक है।
नीट-यूजी में मिली इस सफलता के बाद दीपक का डॉक्टर बनकर निःस्वार्थ मानव सेवा करने का सपना अब साकार होने की दिशा में आगे बढ़ गया है। उनकी सफलता की खबर मिलते ही परिवार, रिश्तेदारों और गांव के लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। पिपरादौला कदम गांव में उन्हें बधाई देने वालों का तांता लगा रहा। क्षेत्र के लोगों ने दीपक की इस उपलब्धि को युवाओं के लिए प्रेरणा बताते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
हिन्दुस्थान समाचार / ज्योति पाठक

