सहारनपुर पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, 2131 करोड़ की परियोजनाओं की सौगात दी
सहारनपुर, 07 मई (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को सहारनपुर के देवबंद पहुंचे। उन्होने जिले को 2131 करोड़ रुपये की 325 विकास परियोजनाओं की सौगात दी। सहारनपुर की जनता को संबोधित करते मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि बंगाल में पहली बार भाजपा ने जीत दर्ज कर राजनीतिक विश्लेषकों के सभी अनुमान गलत साबित कर दिए। मैं बंगाल के कार्यकर्ताओं के साथ-साथ सहारनपुर के कार्यकर्ताओं को भी हृदय से बधाई और शुभकामनाएं देता हूं।
मुख्यमंत्री याेगी आदित्यनाथ ने कहा कि इस विजय ने यह साबित कर दिया है कि जनप्रतिनिधि जब जनता के बीच रहते हैं, तो जनता उन्हें भरपूर आशीर्वाद देती है। जनता राष्ट्र को नुकसान पहुंचाने वाली पार्टी को दफन करने में समय नहीं लगाती। ये शुभ संकेत हैं। जाति के नाम पर बांटकर सामाजिक ताने-बाने को छिन्न-भिन्न करने की चाहत रखने वालों के लिए ये चुनाव परिणाम आइना है।
याेगी ने कहा कि इस विजय से यह साबित होता है कि जनता अब विभाजित नहीं होगी। सहारनपुर वही जनपद है, जहां पहले दंगे होते थे। दिल्ली जाने में चार घंटे और लखनऊ जाने में 12 से 14 घंटे लगते थे। यहां न बेहतर कनेक्टिविटी थी और न ही शिक्षा व खेल का कोई बड़ा केंद्र। नौजवान पलायन के लिए मजबूर थे। यहां के उद्यमी और व्यापारी दहशत में थे। सहारनपुर अपनी पहचान के लिए संघर्ष कर रहा था।
मुख्यमन्त्री ने कहा कि देवबंद बदनाम हुआ करता था। देवबंद से फतवे जारी होते थे तो देश में हलचल मचती थी। 2013-14 में पूरा पश्चिमी उत्तर प्रदेश दंगों की आग में जल रहा था। कैराना और कांधला से लोग पलायन करने को मजबूर थे। लोगों को लगता था कि पता नहीं अब क्या होगा। 2016 में इसी सहारनपुर में सिख विरोधी दंगे हुए थे। महीनों कर्फ्यू लगा रहता था। आवागमन बंद था। हर ओर तबाही थी। कोई सुनने वाला नहीं था। लेकिन 2017 में प्रदेश में डबल इंजन की सरकार बनने के बाद वे काम हुए, जो पिछली सरकारें नहीं कर पाईं। यूपी की जनता ने मोदी पर विश्वास किया। आज मैं कह सकता हूं कि वर्ल्ड क्लास कास्ठ कला से सहारनपुर को नई पहचान मिल गई है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि आज सहारनपुर में क्या नहीं है। अभी 14 अप्रैल को प्रधानमंत्री सहारनपुर में आए थे। सिक्सलेन के एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया। सहारनपुर में रोडशो हुआ। दिल्ली की जो दूरी पहले छह घंटे में पूरी होती थी, अब दाे घंटे में पूरी हो जाती है।
योगी ने कहा कि जिस सहारनपुर की पहले लोगों ने फतवे जारी कर करके दुगर्ति कर डाली थी, अब वही सहारनपुर प्रगति कर रहा है। विकास में बाधक तत्व जाति के नाम पर बांटेंगे लेकिन बंटना नहीं है। ये तुष्टिकरण की राजनीति करने वाले, फतवे की संस्कृति पर विश्वास करने वाले, गुंडों को प्रश्रय देने वाले, बहन और बेटियों की सुरक्षा में सेंध लगाने वाले तत्व अपने काले कारनामों को छिपाने के लिए जाति का सहारा लेते हैं। जब भारत की परंपरागत सनातन संस्कृति पर प्रहार होता है तो इनके मुंह में फेविकोल लग जाता है। ऐसा लगता है कि कुछ हुआ ही नहीं है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की सनातन परंपरा को अपमानित करने के लिए इनके द्वारा मनगढंत कहानी रची जाती है। पेशेवर अपराधी और माफिया को श्रय देकर पहचान का संकट खड़ा किया जाता है। लेकिन, अब उत्तर प्रदेश बीमारू नहीं, भारत का ग्रोथ इंजन है।
याद करिए, आज से नाै साल पहले आप लोग यूपी के बाहर जाते थे तो अपनी पहचान छिपाते थे। आज पहचान छिपाने की जरूरत नहीं। नौ साल पहले जो लोग यूपी और सहारनपुर के नाम पर मुंह-नाक सिकोड़ते थे। आज वही लोग आपको देखते हैं तो उनके माथे पर सम्मान की चमक दिखाई देती है। आज सुबह ही मैंने तीन विभागों के लगभग 500 नौजवानों को नियुक्ति पत्र दिया। उसमें भी सहारनपुर के नौजवान थे। आज हर वर्ग का व्यक्ति नियुक्ति का हकदार है। पहले भेदभाव होता था। क्षेत्र, जाति का भेदभाव, पैसों को लेनदेन, सिफारिस होती थी। हमने कहा कि अब ये सब नहीं चलेगा। हमारे लिए पूरा 25 करोड़ लोगों का यूपी, परिवार की तरह है। आज यूपी माफिया, दंगा मुक्त है। अब कोई जन्माष्टमी और कांवड़ यात्रा पर रोक नहीं लगा सकता।
मुख्यमंत्री योगी ने अपने संबोधन में कहा कि पहले हर छोटी-बड़ी बात पर फतवे जारी होते थे। उन्होंने कहा, खाना कैसे खाना है, इस पर भी फतवा जारी होता था। हमने यहां फतवों की संस्कृति नहीं, बल्कि ATS सेंटर दिया है। अब यहां हमारे कमांडो निगरानी करते हैं। कोई भी देशद्रोही सिर उठाएगा तो उसका अंजाम तय है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब माफिया और दंगा मुक्त प्रदेश बन चुका है। अब कोई भी जन्माष्टमी या कांवड़ यात्रा पर रोक लगाने की हिम्मत नहीं कर सकता।
हिन्दुस्थान समाचार / MOHAN TYAGI

