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कुपोषित बच्चों के उपचार और देखभाल के लिए संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र की बढ़ेगी क्षमता

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कुपोषित बच्चों के उपचार और देखभाल के लिए संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र की बढ़ेगी क्षमता


एक समय में अधिक बच्चों को भर्ती कर उनका उपचार और पोषण प्रबंधन किया जा सकेगा : चिकित्साधीक्षक

मुरादाबाद, 16 जून (हि.स.)। पंडित दीनदयाल उपाध्याय जिला संयुक्त चिकितसालय मुरादाबाद (जिला अस्पताल) में कुपोषित बच्चों के उपचार और देखभाल के लिए संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) की क्षमता जल्द बढ़ाई जाएगी। वर्तमान में केंद्र के सभी 10 बेड लगातार भरे रहने के कारण अस्पताल प्रशासन ने 10 अतिरिक्त बेड बढ़ाने की तैयारी शुरू कर दी है। इससे एक समय में अधिक बच्चों को भर्ती कर उनका उपचार और पोषण प्रबंधन किया जा सकेगा।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिले में कुपोषण की समस्या अब भी चिंता का विषय बनी हुई है। आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से हर तीन माह में लगभग तीन हजार कुपोषित बच्चों की पहचान की जा रही है। इनमें गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को जिला अस्पताल के पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती कराया जाता है, जहां उन्हें 14 दिनों तक विशेष निगरानी में रखा जाता है।

भर्ती बच्चों को पौष्टिक आहार, आवश्यक दवाएं और नियमित स्वास्थ्य जांच उपलब्ध कराई जाती है। बच्चों के साथ रहने वाली उनकी माताओं को भी संतुलित भोजन दिया जाता है। साथ ही उन्हें यह जानकारी दी जाती है कि घर पर बच्चे के पोषण स्तर को बेहतर बनाने के लिए किस प्रकार का भोजन और देखभाल जरूरी है।

केंद्र में बेड उपलब्ध न होने की स्थिति में कुछ बच्चों को अस्पताल के बाल रोग वार्ड में भी भर्ती करना पड़ रहा है। उपचार के दौरान बच्चों के वजन और स्वास्थ्य में सुधार की लगातार निगरानी की जाती है। 14 दिन का उपचार पूरा होने और स्वास्थ्य स्थिति में सुधार आने पर बच्चों को छुट्टी दी जाती है। इसके अलावा माताओं को 100 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से पोषण भत्ता भी प्रदान किया जाता है।

जिला अस्पताल के चिकित्साधीक्षक डॉ. राजेंद्र कुमार ने मंगलवार को बताया कि बच्चों को छुट्टी देने के बाद भी उनकी निगरानी जारी रहती है। एक माह बाद उन्हें ओपीडी में बुलाकर स्वास्थ्य परीक्षण किया जाता है तथा चार माह तक नियमित फॉलोअप कराया जाता है। उन्होंने बताया कि एनआरसी में 10 अतिरिक्त बेड बढ़ाने के लिए प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है, जिससे अधिक से अधिक कुपोषित बच्चों को समय पर उपचार और पोषण संबंधी सुविधाएं मिल सकेंगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / निमित कुमार जायसवाल