दूल्हा हत्याकांड में आरोपियों को झटका, शोले राजभर और विकास यादव की जमानत याचिका खारिज
जौनपुर, 02 जून (हि.स.)। यूपी के जौनपुर में जिले के चर्चित दूल्हा हत्याकांड में मुख्य आरोपियों को अदालत से बड़ा झटका लगा है। मंगलवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुशील कुमार शशि ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपित शोले राजभर और विकास यादव की जमानत याचिका निरस्त कर दी। अदालत के इस फैसले के बाद दोनों आरोपियों को फिलहाल जेल में ही रहना होगा।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, खेतासराय थाना क्षेत्र में एक मई को हुई इस सनसनीखेज वारदात में दूल्हे आजाद बिंद की बारात जाते समय गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया था। मामले में दाखिल जमानत याचिका का विरोध करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) लाल बहादुर पाल ने अदालत को बताया कि आरोपियों की घटना में सक्रिय एवं महत्वपूर्ण भूमिका रही है तथा जांच और गवाहों के बयानों से उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध हैं।अभियोजन के मुताबिक, मृतक आजाद बिंद की शादी सोनी बिंद से तय हुई थी। आरोप है कि लड़की के रिश्तेदार प्रदीप बिंद को यह विवाह स्वीकार नहीं था और उसने पहले से ही आजाद को शादी में आने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी थी। घटना वाले दिन आजाद बिंद बारात लेकर बीबीपुर जमदहा जा रहा था। इसी दौरान मनेछा बादशाही मंदिर के पास बाइक सवार बदमाशों ने उसकी कार को रोककर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।वहीं, बचाव पक्ष ने अदालत में दलील दी कि आरोपियों को झूठा फंसाया गया है तथा उनका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। हालांकि, दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने अपराध की प्रकृति और गंभीरता को देखते हुए जमानत देने से इनकार कर दिया।अदालत के फैसले को पीड़ित परिवार के लिए राहत के रूप में देखा जा रहा है। वहीं, इस बहुचर्चित हत्याकांड में आगे की न्यायिक प्रक्रिया पर अब सभी की नजरें टिकी हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव

