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एफडीडीआइ फुरसतगंज में एडमिशन शुरू, नए कोर्स और बढ़ी सीटों के साथ सुनहरा मौका : सुनील कुमार द्विवेदी

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एफडीडीआइ फुरसतगंज में एडमिशन शुरू, नए कोर्स और बढ़ी सीटों के साथ सुनहरा मौका : सुनील कुमार द्विवेदी


कानपुर, 07 अप्रैल (हि.स.)। डिजाइनिंग क्षेत्र में करियर बनाने के इच्छुक युवाओं के लिए एफडीडीआइ फुरसतगंज सुनहरा अवसर लेकर आया है। संस्थान में रोजगारपरक कोर्सों के जरिए छात्रों को हुनर और उद्योग से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। बीते सत्र में रिकॉर्ड वृद्धि और शतप्रतिशत प्लेसमेंट ने इसकी विश्वसनीयता को और मजबूत किया है। नए सत्र में आधुनिक कोर्स और सीटों में बढ़ोतरी के साथ संस्थान ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और छात्र समय रहते पंजीकरण कर अपने भविष्य को नई दिशा दें। यह बातें मंगलवार को कार्यकारी निदेशक सुनील कुमार द्विवेदी ने कही।

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय भारत सरकार के अधीन संचालित राष्ट्रीय महत्व के संस्थान एफडीडीआइ फुरसतगंज, रायबरेली द्वारा प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया, जिसमें आगामी प्रवेश प्रक्रिया और छात्र हित से जुड़ी योजनाओं की जानकारी दी गई। संस्थान फुटवियर, फैशन और लाइफस्टाइल प्रोडक्ट डिजाइनिंग जैसे रोजगारपरक कोर्स संचालित कर युवाओं को डिजाइनिंग क्षेत्र में करियर बनाने का अवसर प्रदान कर रहा है।

कार्यकारी निदेशक सुनील कुमार द्विवेदी ने आज नवीन मार्केट स्थित कानपुर प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि शैक्षिक सत्र 2025-26 संस्थान के लिए अत्यंत उत्साहजनक रहा, जिसमें कुल प्रवेश संख्या में 400 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई। पिछले सत्र में शुरू किए गए एमबीए इन रिटेल मर्चेंडाइज कोर्स की सभी सीटों पर प्रवेश हुआ। इस वर्ष छात्रों की बढ़ती मांग को देखते हुए इसमें 10 सीटों की वृद्धि की गई है।

उन्होंने बताया कि नए सत्र में “स्कूल ऑफ लेदर गुड्स एंड एक्सेसरीज़ डिजाइन” की शुरुआत की जा रही है, जिसके अंतर्गत चार वर्षीय लेदर लाइफस्टाइल एंड प्रोडक्ट डिजाइन कोर्स 30 सीटों के साथ शुरू होगा। इसके साथ ही छात्रों को उनकी रुचि के अनुसार विशेषज्ञता चुनने के लिए “बास्केट ऑफ कोर्सेस” की नई व्यवस्था लागू की जा रही है।

प्लेसमेंट के आंकड़ों पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने बताया कि सत्र 2024-25 में 100 प्रतिशत प्लेसमेंट रहा, जबकि वर्तमान सत्र 2025-26 में अब तक लगभग 90 प्रतिशत छात्रों का प्लेसमेंट हो चुका है और इसे 100 प्रतिशत तक पहुंचने की पूरी संभावना है।

संस्थान की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि हाल ही में फुटवियर विभाग द्वारा तैयार किया गया विशेष कार्विंग शू कानपुर और चेन्नई लेदर फेयर में आकर्षण का केंद्र रहा। इसके व्यावसायीकरण की दिशा में भी प्रयास जारी हैं।

उन्होंने कहा कि डीजीआर, केवीआईसी और एमएसएमई जैसे संस्थानों ने भी प्रशिक्षण के लिए एफडीडीआइ से संपर्क किया है, जो इसकी बढ़ती साख को दर्शाता है। साथ ही कानपुर में प्रस्तावित लेदर पार्क से क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे, जिससे स्थानीय युवाओं को बड़ा लाभ मिलेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप