आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और मानदेय में वृद्धि करने की मांग
जोधपुर, 10 जुलाई (हि.स.)। अखिल राजस्थान महिला एवं बाल विकास संयुक्त कर्मचारी संघ के आह्वान पर जोधपुर शहर और देहात संगठन द्वारा शुक्रवार को आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर धरना दिया। धरने के दौरान कर्मचारियों ने सरकार से उन्हें राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और मानदेय में वृद्धि करने की मांग की। बाद में अपनी मांगों का एक ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा।
दरअसल राजस्थान में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और ग्राम साथिनों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
आंगनबाड़ी कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से उनकी मांगों को लेकर सरकार और विभाग की तरफ से कोई सकारात्मक पहल नहीं की गई है। इसमें नियमितीकरण, मानदेय में वृद्धि और ग्रेच्युटी पेंशन जैसे बड़े मुद्दों पर नीतिगत निर्णय लेने की बात कही गई है। कर्मचारियों ने अपनी मांगों का एक मांग-पत्र भी जारी किया है। संघ पदाधिकारियों ने बताया कि बाल एवं महिला कर्मचारियों द्वारा लंबे समय से विभागीय योजनाओं के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जा रही है, इसके बावजूद उन्हें उचित मानदेय और कर्मचारी सुविधाओं का लाभ नहीं मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई को देखते हुए वर्तमान मानदेय में वृद्धि किया जाना आवश्यक है। धरना स्थल पर कर्मचारियों ने सरकार के समक्ष अपनी मांगें रखते हुए कहा कि उन्हें स्थायी कर्मचारी का दर्जा देकर कर्मचारियों के समान सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने मांगों के शीघ्र समाधान की अपील की।
हिन्दुस्थान समाचार / सतीश

