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वैश्य समाज हुआ एकजुट, समाज के प्रतिनिधि के साथ राजनीतिक षड्यंत्र पर जताया रोष

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वैश्य समाज हुआ एकजुट, समाज के प्रतिनिधि के साथ राजनीतिक षड्यंत्र पर जताया रोष


बीकानेर, 03 सितंबर (हि.स.)। विगत दो-तीन दिनों से सामने आए एक राजनीतिक प्रकरण को लेकर वैश्य समाज में चर्चा एवं चिंता का वातावरण है। जैन समाज के एक प्रमुख उम्मीदवार के साथ कथित रूप से हुए राजनीतिक षड्यंत्र एवं विरोध के मामले को लेकर वैश्य समाज के विभिन्न वर्गों में रोष एवं असंतोष व्यक्त किया जा रहा है। इसी विषय को लेकर वैश्य समाज की चिंतन बैठक ओसवाल पंचायती, भीनासर में आयोजित की गई।

बैठक का उद्देश्य किसी जाति अथवा किसी व्यक्तिगत उम्मीदवार के विरोध में खड़ा होना नहीं, बल्कि सत्ता में बैठे जिम्मेदार लोगों एवं संबंधित जनप्रतिनिधियों तक समाज की भावना और आपत्ति को उचित एवं लोकतांत्रिक तरीके से पहुंचाना है। समाजजनों का कहना है कि यदि किसी वैश्य समाज के प्रतिनिधि के साथ राजनीतिक स्तर पर अन्याय अथवा षड्यंत्र होता है, तो समाज को इस विषय पर सजग होकर सामूहिक चिंतन करना चाहिए।

बैठक में समाज की एकता, राजनीतिक प्रतिनिधित्व, समाज के हितों की रक्षा तथा भविष्य में ऐसे मामलों में संगठित एवं सकारात्मक भूमिका सुनिश्चित करने सहित विभिन्न विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।

वैश्य समाज के बंधुओं से आह्वान किया गया कि वे आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर समाज की एकजुटता एवं सशक्तीकरण के लिए ऐसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें। वैश्य समाज की इस चिंतन बैठक में वैश्य समाज के अनेक गणमान्य लोग इकठ्ठा हुवे, जिनमे आक्रोश था, बैठक के दौरान काफ़ी लोगों ने अपने विचार रखें।

व्यापार मण्डल के अध्यक्ष जुगल राठी ने कहा कि अभियान चलाकर सबको एकजुट किया जाए। इस बार किसी की बातों में नहीं आना, न्याय मिले बस।

डॉ नरेश गोयल ने कहा कि वैश्य समाज संख्या और सामर्थ्य दोनों में कम नही है, उन्होंने कहा मैं पार्टी से पहले समाज के साथ हूं।

हिन्दू नववर्ष समारोह समिति के संयोजक गणेश बोथरा ने कहा कि वैश्य समाज की संख्या की सही गणना हो, इसका बीकानेर स्तरीय संगठन बनाया जाए।

पूर्व मनोनीत पार्षद बच्छराज नाहटा ने कहा कि जिस पार्टी ने यह किया उसके संगठन यथा निगम चुनाव संयोजक, जिलाध्यक्ष, प्रभारी, प्रदेश अध्यक्ष व मुख्यमंत्री को समाज ज्ञापन दे कि इस प्रकरण में निष्पक्ष बात हो।

शिखरचंद डागा ने कहा कि समाज पहले है, यदि समाज के किसी व्यक्ति के बढ़ते कदम को रोकने हेतु षड्यंत्र होता है, हमें अपने दायित्व से इस्तीफा देकर, समाज के साथ खड़ा होना चाहिए।

मनीष बाफना ने कहा कि वैश्य समाज के लिए ये चिंतन और संघर्ष के क्षण हैं, हम कब तक शोषित होकर पोषित करते रहेंगे। आज़ एक तिनका जला है कल पूरा घर जले उससे पहले सजग हो जाए।

जेठमल सेठिया ने कहा कि कोई पार्टी यदि वैश्य समाज के साथ कुचक्र करती है तो हमें अपने संसाधन उन्हें उपलब्ध नहीं करने चाहिए।

किशोर भंसाली ने कहा की वैश्य समाज सबका सहयोग करें पर यदि कोई जनप्रतिनिधि नाजायज और अपने हठ के कारण वैश्य समाज प्रतिभा को नुकसान पहुचाये तो ऐसे लोगों का खुलकर विरोध करना चाहिए।

महावीर इंटरनेशनल के पूर्व अध्यक्ष एडवोकेट महेंद्र जैन ने कहा कि समिति बनाकर कार्य को आगे बढ़ाये, इस प्रकरण की जानकारी सम्पूर्ण वैश्य समाज में पहुँचानी चाहिए। आज़ जो वैश्य संगठन, व्यक्ति नही आ पाएं उन्हें जुडऩा चाहिए।

सुरेन्द्र पटवा ने कहा कि हर समाज का भला होगा, हर व्यक्ति, हर व्यक्ति राष्ट्र का भाग है, इसीलिए प्राथमिकता के अनुसार अभी वैश्य समाज के संगठित होने की जरुरत है, हित पर चोट हो तो उचित प्रतिकार भी हो।

सुरेन्द्र डागा ने कहा कि हमें चोट मिले तो मत और संसाधन पूर्ति बंद करने की चोट करनी चाहिए।

सुमति चौरडिय़ा ने कहा विशिष्ट और दूरदर्शी चिंतन हो।

सुरेन्द्र कोचर ने कहा कि लोग इस अभियान के अंतर्गत वैश्य समाज का हित लक्ष्य है, यह अभियान चलता रहे और इसका संगठन तैयार हो।

सभा के दौरान समाज के सभी लोगों ने एकजुट रहने का आह्वान किया तथा वैश्य समाज जिंदाबाद के नारे लगाए गए। बैठक के दौरान इस बात का भी खंडन किया की यह अभियान ना तो किसी समाज के विरोध में है, ना वैश्य समाज के किसी प्रत्याशी के विरोध में, सिर्फ उन लोगों का विरोध है, जो ग़लत लांछन लगाते हैं, षड्यंत्र करते है और संगठन को संज्ञान करवाना और उनसे उचित हक़ का न्याय लेना लक्ष्य है। इस अवसर पर जगदीश सारडा, विमल चौरडिय़ा, जगदीश राठी, गुलाब दफ़्तरी, अरुण जैन, पूजा मोहता, करणीदान रांका, मनोज सेठिया, कमल डागा, राजेश बैद, इन्दरचंद गोलछा, सुधीर लूणावत राजेश बुच्चा, भंवर सेठिया, मुकेश सोनावत आदि बड़ी संख्या में वैश्य समाज के नागरिक उपस्थित रहे। सभा का संचालन मनीष बाफना ने किया तथा पानमल डागा ने सभी का आभार ज्ञापित किया।

उल्लेखनीय है कि नगर निगम चुनाव में यूआईटी के पूर्व चेयरमैन महावीर रांका के पर्चा भरने के बाद पार्टी द्वारा टिकट काट दी गयी थी।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजीव