पेपर लीक और शिक्षा में भ्रष्टाचार के खिलाफ सड़क पर उतरेगी एनएसयूआई
जयपुर, 12 जुलाई (हि.स.)। देशभर में भर्ती परीक्षाओं में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक,परीक्षा अनियमितताओं और शिक्षा व्यवस्था में बढ़ते भ्रष्टाचार के विरोध में सोमवार को राजधानी जयपुर में हजारों छात्र-युवा सड़क पर उतरेंगे। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में चलाए जा रहे देशव्यापी अभियान 'छात्रों की गूंज' के तहत एनएसयूआई राजस्थान की ओर से रन अगेंस्ट पेपर लीक थीम पर पांच किलोमीटर मैराथन का आयोजन किया जाएगा। संगठन का कहना है कि यह आयोजन केवल दौड़ नहीं, बल्कि छात्रों के भविष्य से हो रहे खिलवाड़ के खिलाफ जनआंदोलन का प्रतीक है।
एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने बताया कि मैराथन 13 जुलाई 2026 (सोमवार) को सुबह 5:30 बजे राजस्थान विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार से शुरू होगी। प्रतिभागी यहां से दौड़ते हुए अल्बर्ट हॉल तक जाएंगे और पुनः राजस्थान विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पहुंचकर मैराथन का समापन करेंगे। उन्होंने बताया कि मैराथन में एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ सहित प्रदेश के अनेक वरिष्ठ नेता एवं छात्र नेता भी भाग लेंगे और युवाओं को संबोधित करेंगे। आयोजन को उत्साहवर्धक बनाने के लिए पुरुष एवं महिला वर्ग के शीर्ष तीन-तीन विजेताओं को नकद पुरस्कार भी दिए जाएंगे।
विनोद जाखड़ ने कहा कि मैराथन के माध्यम से भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता, निष्पक्ष एवं विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली तथा पेपर लीक के मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई जाएगी। उनका कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में पेपर लीक और परीक्षा अनियमितताओं ने लाखों युवाओं के भविष्य पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। वर्षों तक तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों की मेहनत और समय दोनों बर्बाद हो रहे हैं। ऐसे में यह आयोजन केवल खेल गतिविधि नहीं, बल्कि छात्रों की आवाज बुलंद करने और परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की मांग का प्रतीक बनेगा।
जाखड़ ने कहा कि अभियान का उद्देश्य सरकार और संबंधित एजेंसियों का ध्यान छात्रों की गंभीर समस्याओं की ओर आकर्षित करना है। उन्होंने मांग की कि भर्ती परीक्षाओं को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए तथा पेपर लीक के मामलों में शामिल दोषियों के खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने दावा किया कि इसी मांग को लेकर सोमवार को बड़ी संख्या में युवा मैराथन में शामिल होकर भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने का संदेश देंगे।
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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश

