home page

आईटीसी लिमिटेड ने पहली बार झालरापाटन गुड्स शेड से 42 वैगनों में 2688 टन गेहूं रेलमार्ग से भेजा

 | 
आईटीसी लिमिटेड ने पहली बार झालरापाटन गुड्स शेड से 42 वैगनों में 2688 टन गेहूं रेलमार्ग से भेजा


काेटा, 12 जुलाई (हि.स.)। कोटा रेल मंडल के व्यापार विकास प्रयासों को एक और महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पहली बार आईटीसी लिमिटेड द्वारा झालरापाटन गुड्स शेड से 42 बीसीएन वैगनों में 2688 टन गेहूं की पूरी रेल रैक का लदान कर बादली (दिल्ली क्षेत्र) के लिए रवाना किया गया। अब तक इस गुड्स शेड से केवल डी-ऑयल्ड केक (सोयाबीन खली) का ही रेल परिवहन होता था। गेहूं की पहली रैक के संचालन से झालरापाटन एवं आसपास के क्षेत्र के किसानों, व्यापारियों तथा कृषि उत्पाद खरीदने वाली संस्थाओं को रेलमार्ग से बड़ी मात्रा में अनाज भेजने की नई सुविधा उपलब्ध हुई है।

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ जैन ने बताया कि इस रैक में कुल 2688 टन गेहूं लदा है, जिसे झालरापाटन से सवाई माधोपुर, मथुरा जंक्शन एवं तुगलकाबाद होते हुए बादली भेजा गया। इस परिवहन से रेलवे को ₹22,18,675 का मालभाड़ा प्राप्त हुआ। उन्होंने बताया कि रेलमार्ग से माल परिवहन सड़क मार्ग की तुलना में अधिक सुरक्षित, तेज, किफायती एवं विश्वसनीय है। एक बार में हजारों टन माल का परिवहन होने से परिवहन लागत कम होती है, समय की बचत होती है तथा माल की सुरक्षा सुनिश्चित रहती है। इससे सड़क मार्ग पर भारी वाहनों की निर्भरता भी कम होती है तथा पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलता है। इस पहल से झालावाड़ एवं आसपास के कृषि क्षेत्र के किसानों को अपनी उपज देश के बड़े उपभोग एवं व्यापारिक केंद्रों तक आसानी से पहुंचाने का बेहतर विकल्प मिलेगा। स्थानीय व्यापारियों, कृषि उपज खरीदने वाली कंपनियों तथा खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों को भी अब कम लागत में एक साथ बड़ी मात्रा में माल भेजने की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे कृषि उत्पादों की आपूर्ति श्रृंखला अधिक सुदृढ़ होगी, बाजारों तक समय पर पहुंच सुनिश्चित होगी तथा क्षेत्रीय कृषि एवं व्यापार को नई गति मिलेगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / राजीव