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जयपुर पुलिस के छह कांस्टेबल ‘कांस्टेबल ऑफ द मंथ’ से सम्मानित

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जयपुर पुलिस के छह कांस्टेबल ‘कांस्टेबल ऑफ द मंथ’ से सम्मानित


जयपुर, 24 सितंबर (हि.स.)। उत्कृष्ट, सराहनीय और साहसिक कार्य करने वाले जयपुर पुलिस के छह कांस्टेबलों को अगस्त 2026 के लिए ‘कांस्टेबल ऑफ द मंथ’ सम्मान से सम्मानित किया गया। पुलिस आयुक्तालय में गुरुवार को आयोजित कार्यक्रम में पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल ने सभी पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया।

इस अवसर पर मित्तल ने कहा कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को पहचान और सम्मान मिलने से उनका मनोबल बढ़ता है। इससे वे अधिक लगन, समर्पण और जिम्मेदारी के साथ जनसेवा के लिए प्रेरित होते हैं।

सुरेश चंद, कांस्टेबल, वैशाली नगर थाना*ने 10 अगस्त की रात सिरसी रोड स्थित मुस्कान रेजीडेंसी अपार्टमेंट में आग लगने की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचकर सात लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। इनमें 80 वर्षीय यशोदा जांगिड़ भी शामिल थीं, जिन्हें उन्होंने आग और धुएं के बीच गोद में उठाकर तीसरी मंजिल से सुरक्षित नीचे पहुंचाया।

राजकिशोर, कांस्टेबल, बजाज नगर थाना ने पुलिस मुख्यालय के 60/90 दिवस अभियान के तहत अनुसंधान अधिकारियों के सहयोग से अगस्त में 55 लंबित प्रकरणों के निस्तारण में भूमिका निभाई। उन्होंने धारा 202 सीआरपीसी से संबंधित 10 पत्रावलियों और 30 मर्ग प्रकरणों के निस्तारण में भी सहयोग किया।

राजेश जाखड़, कांस्टेबल, शास्त्री नगर थाना ने साइबर ठगी के एक मामले में म्यूल खाताधारक को डिटेन करवाकर मामला दर्ज कराया। महिलाओं और बच्चों से संबंधित साइबर अपराध की चार शिकायतों का निस्तारण कराया। इसके अलावा समन्वय पोर्टल के 18 नोटिस तामील करवाए और 1930 साइबर पुलिस पोर्टल की 70 से अधिक शिकायतों के समाधान में भूमिका निभाई।

राजेश देवंदा, कांस्टेबल, ज्योति नगर थाना ने कानून-व्यवस्था और न्यायालय संबंधी कार्रवाई के तहत 194 लंबित वारंट और 76 समन की तामील करवाई। उन्होंने 10 वांछित अपराधियों को गिरफ्तार कराने में भी भूमिका निभाई।

रामप्रसाद, कांस्टेबल, यातायात पूर्व ने पिंक स्क्वायर के सामने मूसलाधार बारिश के दौरान यातायात व्यवस्था संभाली और आपात स्थिति में एंबुलेंस को तत्काल रास्ता उपलब्ध कराया।

नरेश कुमार राव, कांस्टेबल, रिजर्व पुलिस लाइन ने जयपुर में आयोजित वृक्ष सम्मेलन के दौरान वीआईपी ड्यूटी, एस्कॉर्ट, पायलट और पीएसओ को समय पर ड्यूटी स्थल तक पहुंचाने में जिम्मेदारी निभाई। उन्होंने हार्डकोर आरोपियों की पेशी और वीआईपी मूवमेंट के दौरान एस्कॉर्ट व्यवस्था भी संभाली।

हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश