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गुरु पुष्य नक्षत्र पर गणेश मंदिरों में होगी विशेष पूजा-अर्चना

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गुरु पुष्य नक्षत्र पर गणेश मंदिरों में होगी विशेष पूजा-अर्चना


जयपुर, 17 जून (हि.स.)। गुरु पुष्य नक्षत्र के पावन अवसर पर गुरुवार को राजधानी के गणेश मंदिरों में भगवान गणेश की विशेष पूजा-अर्चना, पंचामृत अभिषेक और श्रृंगार के आयोजन होंगे। शहरभर के प्रमुख गणेश मंदिरों में श्रद्धालु गणपति की आराधना कर सुख-समृद्धि एवं विघ्नों के निवारण की कामना करेंगे। सुबह से देर रात तक मंदिरों में धार्मिक अनुष्ठानों और दर्शन का क्रम जारी रहेगा।

मंदिर महंत कैलाश शर्मा के अनुसार विभिन्न मंदिरों में भगवान गणेश का 251 किलो दूध, 50 किलो दही, 25 किलो बूरा, 11 किलो शहद और 11 किलो घी से पंचामृत अभिषेक किया जाएगा। इस दौरान गणपति स्तोत्र, गणपति अष्टोत्तर शतनामावली एवं अथर्वशीर्ष के पाठ होंगे तथा मोदक का भोग लगाया जाएगा।

चांदपोल परकोटा गणेश मंदिर में महंत पंडित अमित शर्मा के सान्निध्य में भगवान गणेश का 101 किलो दूध एवं पंचामृत से अभिषेक किया जाएगा। दूध, दही, शहद, गंगाजल, केवड़ा, गुलाब एवं केसर जल से अभिषेक के बाद सिंदूर का चोला चढ़ाकर नवीन पोशाक धारण कराई जाएगी। गणपति सहस्त्रनामावली के साथ हवन में 1008 मोदकों की आहुति दी जाएगी। श्रद्धालुओं को हल्दी की गांठ, सुपारी एवं प्रसाद वितरित किया जाएगा।

श्री नहर के गणेशजी मंदिर में अति प्राचीन दक्षिण मुखी गणेश जी महाराज का दूर्वा मार्जन के साथ पंचामृत अभिषेक होगा। युवाचार्य पं. मानव शर्मा ने बताया कि प्रातः 11 बजे महंत पं. जय शर्मा के सान्निध्य में अभिषेक, विशेष पूजा-अर्चना एवं आरती होगी। सायंकाल महाआरती के साथ श्रद्धालुओं को रक्षा सूत्र वितरित किए जाएंगे।

इसके अलावा गढ़ गणेश मंदिर, मोती डूंगरी गणेश मंदिर, श्वेत सिद्धि विनायक मंदिर, ध्वजा धीश गणेशजी, काले गणेशजी, बंगाली बाबा गणेश मंदिर तथा गंगोत्री गणेश मंदिर सहित शहर के अनेक गणेश मंदिरों में विशेष पुष्याभिषेक, श्रृंगार एवं धार्मिक आयोजन होंगे। गुरु पुष्य नक्षत्र के शुभ संयोग पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के मंदिरों में पहुंचने की संभावना है।

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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश