home page

मॉरीशस में भारतीय धर्म-संस्कृति की ध्वजा फहराकर जयपुर लौटा विद्वानों का दल

 | 
मॉरीशस में भारतीय धर्म-संस्कृति की ध्वजा फहराकर जयपुर लौटा विद्वानों का दल


जयपुर, 24 अगस्त (हि.स.)। मॉरीशस में श्रावण महोत्सव के तहत शिव कथा, रुद्र महायज्ञ, गायत्री महायज्ञ और भारतीय संस्कारों के आयोजन कर सनातन धर्म, वेद-वेदांग, भारतीय संस्कृति एवं आध्यात्मिक परंपराओं का संदेश देने वाला जयपुर का पांच सदस्यीय विद्वानों का दल जयपुर लौट आया। जयपुर पहुंचने पर विभिन्न सामाजिक, धार्मिक एवं सांस्कृतिक संगठनों की ओर से दल का अभिनंदन किया गया।

ज्योतिषाचार्य डॉ. महेंद्र मिश्रा के नेतृत्व में पं. कमलेश शास्त्री, पं. दीपक शास्त्री वृंदावन, आचार्य कमलेश अचलपुरा और पं. सौम्य शास्त्री मॉरीशस गए थे। गुडलैंड्स स्थित श्री विश्वनाथ मंदिर परिसर में आयोजित श्रावण महोत्सव-2026 में शिव कथा-प्रवचन और रुद्र महायज्ञ हुए। डॉ. मिश्रा ने व्यासपीठ से शिव कथा के माध्यम से सनातन परंपरा, धर्म, संस्कार और आध्यात्मिक जीवन के महत्व पर प्रकाश डाला। रुद्र महायज्ञ में श्रद्धालुओं ने आहुतियां दीं।

दल ने मॉरीशस में भारतीय संस्कारों की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए अन्नप्राशन संस्कार भी संपन्न कराया। इस दौरान संस्कारों के वैज्ञानिक एवं आध्यात्मिक महत्व की जानकारी दी गई। साथ ही गायत्री महायज्ञ का आयोजन कर वैदिक मंत्रोच्चार और यज्ञीय परंपरा का संदेश दिया गया।

डॉ. महेंद्र मिश्रा ने कहा कि मॉरीशस में भारतीय संस्कृति के प्रति लोगों में गहरी आस्था है। धार्मिक आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को भारतीय संस्कारों और अपनी जड़ों से जोड़ने की आवश्यकता है।

श्रावण महोत्सव के दौरान भारतीय स्वतंत्रता दिवस पर डॉ. महेंद्र मिश्रा को विश्वनाथ जनता मंदिर सोसाइटी, गुडलैंड्स की ओर से ‘सनातन धर्म सम्राट-2026’ सम्मान से विभूषित किया गया। उन्हें सम्मान पत्र, शॉल, श्रीफल, स्मृति चिह्न और सम्मान राशि प्रदान की गई। संस्था की महासचिव शीला मोहन प्रसाद जगदंबी ने बताया कि भारतीय संस्कृति, वेद-वेदांग, ज्योतिष, वास्तु, पौरोहित्य और धर्मशास्त्र के क्षेत्र में डॉ. मिश्रा की दीर्घकालीन सेवाओं को देखते हुए यह सम्मान दिया गया।

दल ने मॉरीशस में विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों से संवाद कर भारतीय धर्म, कला, संस्कृति, ज्योतिष और आध्यात्मिक परंपराओं के प्रचार-प्रसार का संदेश दिया। जयपुर लौटने पर संगठनों एवं धर्मप्रेमियों ने विद्वानों का स्वागत कर मॉरीशस में भारतीय संस्कृति की पताका फहराने के लिए शुभकामनाएं दीं।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश