सीएलजी सदस्यों के सुझावों से मजबूत होगी सामुदायिक पुलिसिंग: पुलिस कमिश्नर मित्तल
जयपुर, 24 जुलाई (हि.स.)। जयपुर पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल ने कहा कि सामुदायिक पुलिसिंग को प्रभावी बनाने में कम्युनिटी लायजन ग्रुप (सीएलजी) सदस्यों की भूमिका महत्वपूर्ण है। उनके सुझावों और आमजन की सक्रिय भागीदारी से अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था और पुलिस व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सकता है।
नगर निगम सभागार (पुराना पीएचक्यू) में शुक्रवार को माणक चौक, रामगंज और सुभाष चौक थाना क्षेत्रों के सीएलजी सदस्यों के साथ आयोजित बैठक में पुलिस कमिश्रर ने नशा मुक्ति अभियान, साइबर अपराधों की रोकथाम, महिला सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और कानून व्यवस्था सहित विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा के दौरान यह बात कही।
पुलिस कमिश्नर ने कहा कि राज्य सरकार और जयपुर पुलिस आयुक्तालय की ओर से अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने आमजन से नशे से संबंधित किसी भी प्रकार की सूचना हेल्पलाइन 14446 और 1933 पर देने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशे के दुष्प्रभाव केवल व्यक्ति तक सीमित नहीं रहते, बल्कि परिवार और समाज को भी प्रभावित करते हैं, इसलिए जनजागरूकता बढ़ाना जरूरी है।
उन्होंने बताया कि मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए जयपुर पुलिस ने व्हाट्सएप नंबर 8764866939 जारी किया है। इस नंबर पर कोई भी व्यक्ति नशे से जुड़ी सूचना साझा कर सकता है। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी तथा सत्यापन के बाद दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में बढ़ते साइबर अपराधों पर भी चर्चा की गई। पुलिस कमिश्रर ने साइबर हेल्पलाइन 1930, राष्ट्रीय साइबर क्राइम पोर्टल तथा मोबाइल गुम होने और ऑनलाइन धोखाधड़ी से जुड़े सरकारी पोर्टलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब एक लाख रुपये या उससे अधिक की साइबर वित्तीय धोखाधड़ी की शिकायत पर स्वतः ई-जीरो एफआईआर दर्ज होगी। उन्होंने लोगों से साइबर सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने और दूसरों को भी जागरूक करने का आह्वान किया।
बैठक के दौरान सीएलजी सदस्यों ने नियमित मोहल्ला बैठकों के आयोजन, सामुदायिक कार्यक्रमों के माध्यम से पुलिस-जन संवाद बढ़ाने तथा अपराध नियंत्रण को और प्रभावी बनाने के लिए कई सुझाव दिए। सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर भी पुलिस अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया।
बैठक में पुलिस उपायुक्त (जयपुर उत्तर) करण शर्मा, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त आलोक सिंघल, सहायक पुलिस आयुक्त माणक चौक पियूष कविया, सहायक पुलिस आयुक्त रामगंज सहित संबंधित थाना अधिकारी और बड़ी संख्या में सीएलजी सदस्य, जिनमें महिला सदस्य भी शामिल थीं, उपस्थित रहे।
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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश

