home page

कोटा में सीजेरियन डिलीवरी के बाद एक और महिला की मौत, जेके लोन अस्पताल में बढ़ा विवाद

 | 
कोटा में सीजेरियन डिलीवरी के बाद एक और महिला की मौत, जेके लोन अस्पताल में बढ़ा विवाद


कोटा, 10 मई (हि.स.)। कोटा मेडिकल कॉलेज और जेके लोन अस्पताल में सीजेरियन डिलीवरी के बाद महिलाओं की तबीयत बिगड़ने के मामलों ने गंभीर चिंता पैदा कर दी है। न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल में पहले से चल रहे विवाद के बीच अब जेके लोन अस्पताल में भी एक महिला की मौत हो गई, जबकि दो अन्य महिलाओं की किडनी फेल होने के मामले सामने आए हैं।

बूंदी जिले के सुवांसा गांव निवासी प्रिया (22) पत्नी रोहित महावर को आठ मई को जेके लोन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। नौ मई को उसकी सीजेरियन डिलीवरी हुई, लेकिन कुछ घंटों बाद देर रात उसकी हालत बिगड़ गई और शनिवार रात करीब 12:30 बजे उसकी मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि महिला को पहले से हृदय संबंधी समस्या थी।

इसी अस्पताल में कोटा निवासी आरती (33) और पिंकी नामक दो अन्य महिलाओं की डिलीवरी के बाद हालत गंभीर हो गई। दोनों महिलाओं की किडनी फेल होने की पुष्टि हुई है और उन्हें सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में भर्ती कराया गया है।

आरती के परिजनों ने आरोप लगाया है कि ऑपरेशन के बाद रातभर स्टाफ और डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति पर ध्यान नहीं दिया, जबकि वह दर्द से तड़पती रही और यूरिन बंद हो चुका था।

परिजनों के अनुसार बार-बार गुहार लगाने के बावजूद उचित उपचार नहीं मिला और केवल इंजेक्शन देकर मामले को टालने की कोशिश की गई। विरोध बढ़ने पर डॉक्टर पहुंचे और बाद में मरीज को रेफर किया गया। आरोप यह भी है कि अस्पताल प्रशासन ने मामले को छिपाने की कोशिश की।

इससे पहले न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भी दो महिलाओं की मौत हो चुकी है और छह महिलाओं की किडनी फेल होने के मामले सामने आ चुके हैं। धन्नी बाई नामक महिला की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है, जबकि अन्य मरीजों का इलाज जारी है। अस्पताल प्रशासन ने मरीजों की स्थिति को जटिल चिकित्सकीय परिस्थिति बताते हुए इलाज में गंभीरता बरतने का दावा किया है। जेके लोन अस्पताल अधीक्षक डॉ. निर्मला शर्मा ने कहा कि जटिलताओं के चलते जरूरत पड़ने पर मरीजों को उच्च चिकित्सा सुविधा के लिए रेफर किया जाता है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित