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13 फीट के अजगर ने निगला मोर, लोगों की भीड़ देख वापस उगल दिया

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13 फीट के अजगर ने निगला मोर, लोगों की भीड़ देख वापस उगल दिया


पाली, 14 अगस्त (हि.स.)। कुम्भलगढ़ वन्यजीव अभयारण्य की सीमा से सटे परशुराम महादेव बगेची झुंपा क्षेत्र में गुरुवार शाम उस समय हड़कंप मच गया, जब करीब 13 फीट लंबे और 35 किलो वजनी अजगर ने एक मोर को निगल लिया। खेत में काम कर रही महिलाओं ने अजगर को देखा तो उसके मुंह से मोर के पंख बाहर दिखाई दे रहे थे। सूचना पर वन विभाग और टाइगर रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। आसपास लोगों की भीड़ देखकर अजगर ने खुद को खतरे में महसूस किया और निगले हुए मोर को वापस उगलना शुरू कर दिया।

कुम्भलगढ़ वन्यजीव अभयारण्य के क्षेत्रीय वन अधिकारी अरविंद सिंह झाला के अनुसार परशुराम बगेची झुंपा क्षेत्र में उमाराम जाट के खेत में अजगर घूम रहा था। इसी दौरान उसने एक मृत मोर को निगल लिया। खेत में काम कर रही महिलाओं की नजर घास-फूस के बीच पड़े अजगर पर पड़ी। करीब 13 फीट लंबे अजगर का पेट असामान्य रूप से फूला हुआ था। पहले महिलाएं डर गईं, लेकिन ध्यान से देखने पर उसके मुंह से मोर के पंख बाहर दिखाई दिए। इसके बाद उन्होंने तत्काल वन विभाग और टाइगर रेस्क्यू टीम को सूचना दी।

सूचना मिलने के करीब एक घंटे के भीतर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई।

टीम और आसपास मौजूद लोगों की हलचल से अजगर बेचैन हो गया। खतरा महसूस होने पर उसने पेट में निगले मोर को धीरे-धीरे वापस उगलना शुरू कर दिया। बताया गया कि मोर करीब एक घंटे तक अजगर के पेट में रहा। मोर को बाहर निकालने के बाद अजगर भी काफी बेचैन हो गया और कुछ देर बाद मौके पर ही निढाल होकर पड़ा रहा।

अजगर की स्थिति को देखते हुए वन विभाग की टीम ने सावधानीपूर्वक उसका रेस्क्यू किया। सहायक वनपाल ईश्वर सिंह और टाइगर रेस्क्यू टीम के रफीक ने पहले अजगर को पूंछ की तरफ से पकड़ा। अजगर के झटपटाने पर टीम ने उसके मुंह की तरफ से भी पकड़कर नियंत्रित किया और उसे प्लास्टिक के कट्टे में सुरक्षित रखा।

रेस्क्यू के बाद वन विभाग की टीम अजगर को उसके प्राकृतिक आवास के अनुकूल स्थान पर ले गई।

इसके बाद उसे राजपुरा बांध के जलीय क्षेत्र में सुरक्षित छोड़ दिया गया। वन विभाग के अनुसार अजगर को उसके प्राकृतिक वातावरण में वापस छोड़ने से उसके सुरक्षित रहने की संभावना बनी रहेगी।

इस पूरी घटना के दौरान खेत में मौजूद लोगों में कौतूहल बना रहा। विशालकाय अजगर को मोर निगलते और फिर वापस उगलते देखने के लिए आसपास के लोग भी मौके पर जुट गए थे। वन विभाग की टीम ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए अजगर को सुरक्षित रेस्क्यू कर उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया।

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हिन्दुस्थान समाचार / रोहित