जब मंत्री ही एसीबी पहुंचकर न्याय मांगने लगे तो समझिए सरकार फेल हो चुकी है: खाचरियावास
जयपुर, 19 जून (हि.स.)। कांग्रेस नेता एवं पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि यदि प्रदेश का एक कैबिनेट मंत्री स्वयं एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) मुख्यालय पहुंचकर अपने खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहा है, तो यह सरकार की विफलता का सबसे बड़ा प्रमाण है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्थान में सरकार नहीं, बल्कि एक सर्कस चल रहा है।
खाचरियावास ने शुक्रवार को जारी बयान में कहा कि राज्य के मंत्री किरोड़ी लाल मीणा का एसीबी मुख्यालय पहुंचना और यह कहना कि यदि मैं दोषी हूं तो मुझे गिरफ्तार कर लो, भाजपा सरकार के भीतर गहरे अंतर्विरोधों और अविश्वास को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि इससे बड़ी विडंबना और सरकार की नाकामी का उदाहरण नहीं हो सकता।
पूर्व मंत्री ने मुख्यमंत्री से सवाल करते हुए कहा कि प्रदेश की जनता को बताया जाना चाहिए कि आखिर उनकी ही सरकार का एक मंत्री किसके खिलाफ लड़ रहा है और किससे न्याय मांग रहा है। यदि मंत्री स्वयं यह आरोप लगा रहे हैं कि उनके खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है, तो यह भाजपा सरकार के भीतर व्याप्त गुटबाजी, सत्ता संघर्ष और आपसी अविश्वास को उजागर करता है।
खाचरियावास ने कहा कि संबंधित विभाग मुख्यमंत्री के पास है और पूरी प्रशासनिक व्यवस्था भी सरकार के नियंत्रण में है। इसके बावजूद यदि एक मंत्री को अपनी बात रखने के लिए एसीबी के दरवाजे पर जाना पड़ रहा है, तो यह सरकार के भीतर समन्वय और जवाबदेही की कमी को दर्शाता है।
उन्होंने बीज निगम के डायरेक्टर की नियुक्ति का मुद्दा भी उठाया। खाचरियावास ने कहा कि जिस व्यक्ति की नियुक्ति की गई, उसके पास से 2 करोड़ 33 लाख रुपये से अधिक की राशि बरामद होने का मामला सामने आया है। यह केवल भ्रष्टाचार का मामला नहीं है, बल्कि सरकार की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने पूछा कि ऐसे लोगों को संरक्षण किसके इशारे पर मिला।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि प्रदेश की जनता महंगाई, बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार जैसी समस्याओं से जूझ रही है, जबकि भाजपा सरकार आंतरिक खींचतान और राजनीतिक संघर्ष में उलझी हुई है। उन्होंने कहा कि सरकार के मंत्री ही सरकार पर सवाल उठा रहे हैं, जिससे यह स्पष्ट हो गया है कि राज्य सरकार दिशाहीन हो चुकी है।
खाचरियावास ने कहा कि कांग्रेस पार्टी पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करती है। साथ ही मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वे जनता के सामने स्पष्ट करें कि सरकार के भीतर आखिर क्या स्थिति है और इस पूरे घटनाक्रम की वास्तविकता क्या है।
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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश

