अब पंजाब को रिमोट कंट्रोल वाली सरकार से मुक्ति दिलाने का समय : हरसिमरत कौर
- संत हरचंद सिंह लोंगोवाल की 41वीं शहादत बरसी पर अकाली दल की कांफ्रेंस
लोंगोवाल, 20 अगस्त (हि.स.)। शिरोमणि अकाली दल की वरिष्ठ नेता और बठिंडा सांसद हरसिमरत कौर बादल ने पंजाब सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि पंजाब पंजाबियों का है और लोगों को दिल्ली से रिमोट कंट्रोल वाली सरकार के शासन को खत्म करने के लिए एकजुट होना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि अकाली दल की सरकार बनने पर शांति, भाईचारक सांझ, गैंगस्टरवाद और नशे की समस्या पर प्राथमिकता से काम किया जाएगा।
संत हरचंद सिंह लोंगोवाल की 41वीं शहादत बरसी पर आयोजित कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए हरसिमरत कौर बादल ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार ने राज्य की आर्थिक स्थिति कमजोर की है और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किया है। उन्होंने दावा किया कि पेपर लीक, बढ़ते कर्ज और अन्य मुद्दों ने पंजाब के लोगों पर अतिरिक्त बोझ डाला है।
हरसिमरत कौर बादल ने शिरोमणि अकाली दल अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल पर हुए हमलों को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सुखबीर बादल पर हमला सुनियोजित साजिश का हिस्सा है, क्योंकि वह भाईचारक सांझ और पंजाब की शांति के लिए आवाज उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी अध्यक्ष पर गुरुद्वारा परिसर में हमला होना सिख परंपराओं के खिलाफ है।
उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान पर बेअदबी मामलों में ठोस कार्रवाई न करने का आरोप लगाया और कहा कि सरकार को इन मामलों की जांच तेजी से पूरी करनी चाहिए। उन्होंने नशे के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए कहा कि पंजाब में ड्रग्स की समस्या खत्म करने के दावों के बावजूद हालात गंभीर बने हुए हैं। हरसिमरत कौर ने कुछ कथित भ्रष्टाचार मामलों की स्वतंत्र जांच की मांग भी की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार से जुड़े लोगों पर लगे गंभीर आरोपों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
इस अवसर पर एसजीपीसी अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने संगत से 23 अगस्त को तख्त श्री दमदमा साहिब से शुरू होने वाले मीरी-पीरी खालसा मार्च के दूसरे चरण में शामिल होने की अपील की। कांफ्रेंस को बलविंदर सिंह भूंदड़, बिक्रम सिंह मजीठिया, डॉ. दलजीत सिंह चीमा सहित कई अकाली नेताओं ने भी संबोधित किया।----------------
हिन्दुस्थान समाचार / GURSHARAN SINGH

