स्वास्थ्य एवं नशामुक्त समाज के निर्माण में योग की अहम भूमिका : राज्यपाल कटारिया
चंडीगढ़, 21 जून (हि.स.)। चंडीगढ़ में 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सामूहिक योग कार्यक्रम में पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने प्रदेशवासियों से योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि योग भारत की प्राचीन ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जो शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित कर स्वस्थ, सकारात्मक और संतुलित जीवन का मार्ग प्रशस्त करती है।
राज्यपाल ने कहा कि इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम “योगा फॉर हेल्दी एजिंग” अर्थात “स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग” है, जो यह संदेश देती है कि योग जीवन के प्रत्येक चरण में स्वास्थ्य, ऊर्जा और मानसिक शांति का आधार बन सकता है। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनाता है तथा जीवन में सकारात्मकता लाता है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गुलाब चंद कटारिया ने कहा कि आज हर व्यक्ति कहीं न कहीं योग करता दिखाई देता है, चाहे वह पार्कों में हो या अपने घरों की छतों पर।
उन्होंने कहा कि योग ही एक ऐसा माध्यम है, जो शरीर, मन और बुद्धि को नियंत्रित रखने के साथ-साथ व्यक्ति को स्वस्थ बनाए रखता है।
राज्यपाल ने कहा कि योग हमें यह सीख देता है कि उम्र केवल एक संख्या है और व्यक्ति को कभी स्वयं को बूढ़ा महसूस नहीं करना चाहिए। उन्होंने लोगों से योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील करते हुए कहा कि इससे स्वस्थ, सक्षम, नशामुक्त और समृद्ध समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि योग आज केवल भारत तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पूरी दुनिया में स्वास्थ्य और शांति का संदेश देने वाला एक वैश्विक आंदोलन बन चुका है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लेकर योगाभ्यास किया और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।
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हिन्दुस्थान समाचार / GURSHARAN SINGH

