मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च कर रही अकाली दल महिला विंग ने किया प्रदर्शन, हरसिमरत कौर बादल समेत कई नेता गिरफ्तार
चंडीगढ़, 05 सितंबर (हि.स.)। शिरोमणि अकाली दल की महिला विंग ने शनिवार को चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री भगवंत मान के आवास की ओर मार्च करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। बठिंडा सांसद हरसिमरत कौर बादल की अगुवाई में बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुईं। प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री के इस्तीफे और मुख्यमंत्री की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर मान से जुड़े कथित पांच करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार मामले में जांच एवं कार्रवाई की मांग की।
मुख्यमंत्री आवास की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने रास्ते में बैरिकेडिंग की थी। इसके बाद सांसद हरसिमरत कौर बादल, विधायक गनीव कौर मजीठिया, स्त्री अकाली दल अध्यक्ष हरगोबिंद कौर और अन्य नेताओं ने सड़क पर धरना दिया तथा बाद में पुलिस हिरासत दी। वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में लिए जाने के बाद भी महिला कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी जारी रखी।
प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए हरसिमरत कौर बादल ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़े लोगों ने एक मीडिया इन्फ्लुएंसर के खिलाफ दर्ज दो गंभीर मामलों को प्रभावित करने के लिए कथित तौर पर पांच करोड़ रुपये की डील की। उन्होंने दावा किया कि इस संबंध में ऑडियो और वीडियो सामग्री सामने आई है और मुख्यमंत्री की पत्नी के एक रिश्तेदार पर बातचीत में शामिल होने के आरोप लगाए।
हरसिमरत बादल ने मुख्यमंत्री भगवंत मान से इन आरोपों पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की। उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ मुख्यमंत्री के पुराने बयानों का उल्लेख करते हुए जवाब मांगा कि सरकार इस मामले में क्या कार्रवाई कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि संबंधित आरोपी को जेल में कथित तौर पर विशेष सुविधा देने, स्थानांतरण कराने और बाद में रिहाई में मदद करने की कोशिश की गई। अकाली दल ने पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच कराने, शिकायतकर्ता महिलाओं को सुरक्षा देने और कथित रूप से दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
हरसिमरत कौर बादल ने कहा कि पार्टी इस मुद्दे को लेकर राज्यव्यापी आंदोलन शुरू करेगी और जब तक मामले की निष्पक्ष जांच तथा जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, विरोध जारी रहेगा।
स्त्री अकाली दल की नेता हरगोबिंद कौर और गनीव कौर मजीठिया ने भी पंजाब के लोगों से इस मामले में एकजुट होकर आवाज उठाने की अपील की।
ये सभी आरोप शिरोमणि अकाली दल की ओर से लगाए गए हैं। उपलब्ध जानकारी में पंजाब सरकार या मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से इन आरोपों पर प्रतिक्रिया शामिल नहीं है।
हिन्दुस्थान समाचार / GURSHARAN SINGH

