दिल्ली के परिवहन मंत्री ने की नई ईवी नीति की परिचालन दिशा-निर्देशों की समीक्षा
नई दिल्ली, 02 जुलाई (हि.स.)। दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने गुरुवार को दिल्ली ईवी नीति की ऑपरेशनल(परिचालन) दिशा-निर्देशों की विस्तृत समीक्षा बैठक की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नीति के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए डिजिटल पोर्टल, तय समय-सीमा, मजबूत संस्थागत व्यवस्था और सभी संबंधित हितधारकों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए।
दिशा-निर्देशों की विस्तृत समीक्षा करते हुए परिवहन मंत्री ने कहा कि यह परिचालन ढांचा दिल्ली ईवी नीति की परिकल्पना को प्रभावी, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित व्यवस्था में परिवर्तित करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। उन्होंने परिवहन विभाग को निर्देश दिए कि दिशा-निर्देशों में निर्धारित समय-सीमा का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए।
इस अहम बैठक के दौरान पंकज कुमार सिंह ने दिशा-निर्देशों के अंतर्गत प्रस्तावित व्यापक डिजिटल ढांचे की समीक्षा की। उन्होंने बताया कि एक समर्पित ऑनलाइन पोर्टल को सिंगल-विंडो प्लेटफॉर्म के रूप में विकसित किया जाएगा, जिसके माध्यम से पात्र इलेक्ट्रिक वाहन मॉडलों का अप्रूवल, खरीद और स्क्रैपिंग प्रोत्साहन के लिए आवेदन, पात्र इलेक्ट्रिक एन2 श्रेणी के माल वाहक वाहनों को नो-एंट्री प्रतिबंध से छूट, अप्रूवल वाहन मॉडलों का प्रकाशन, आवेदन की ऑनलाइन ट्रैकिंग के साथ नीति के कार्यान्वयन की रियल-टाइम निगरानी सुनिश्चित की जाएगी।
पंकज कुमार सिंह ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नीति के कार्यान्वयन की प्रत्येक प्रक्रिया को न्यूनतम हस्तक्षेप के साथ पूरी तरह से डिजिटल बनाया जाए।
परिवहन मंत्री ने परिचालन दिशा-निर्देशों के अंतर्गत स्थापित संस्थागत व्यवस्था की भी समीक्षा की। उन्होंने ईवी सेल और मॉडल अप्रूवल कमेटी के गठन के साथ-साथ परिवहन विभाग, जिला परिवहन अधिकारियों, मूल उपकरण निर्माताओं, अधिकृत डीलरों और दिल्ली ट्रांसको लिमिटेड को सौंपे गए दायित्वों की समीक्षा करते हुए सभी एजेंसियों के बीच प्रभावी समन्वय सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
वाहन मॉडल अप्रूवल प्रणाली की समीक्षा करते हुए डॉक्टर पंकज कुमार सिंह ने निर्देश दिए कि पात्र इलेक्ट्रिक वाहन मॉडलों का अप्रूवल पूरी पारदर्शिता, निर्धारित समय-सीमा और तकनीकी मानकों के अनुरूप किया जाए। दिशा-निर्देशों के अनुसार वाहन निर्माता समर्पित पोर्टल के माध्यम से आवेदन करेंगे, जबकि मॉडल अप्रूवल कमेटी तकनीकी निर्देशों, लोकेलाइजेशन और अन्य पात्रता मानकों का परीक्षण कर अप्रूवल प्रदान करेगी। मंत्री ने यह भी निर्देश दिए हैं कि अप्रूवल वाहन मॉडलों की सूची को नियमित रूप से समर्पित पोर्टल पर सार्वजनिक किया जाए।
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हिन्दुस्थान समाचार / धीरेन्द्र यादव

