नेशनल रोड सेफ्टी एजुकेशन एक्सीलेन्स अवॉर्ड्स के विजेताओं की घोषणा
नई दिल्ली, 25 अप्रैल (हि.स.)। नेशनल रोड सेफ्टी मिशन ने आज अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित कार्यक्रम में नेशनल रोड सेफ्टी एजुकेशन एक्सीलेन्स अवॉर्ड्स 2025-26 के विजेताओं की घोषणा की। इसमें दिल्ली का सलवान पब्लिक स्कूल, रामजस स्कूल पूसा रोड और एयरफोर्स गोल्डन जुबली स्कूल शामिल है। इस अवॉर्ड समारोह का आयोजन आज नेशनल रोड सेफ्टी मिशन फॉर स्कूल्स 2025-26 के समापन पर किया गया। कार्यक्रम में नेशनल रोड सेफ्टी मिशन (एनआरएसएम) की प्रोजेक्ट डायरेक्टर रजनी ठाकुर, हेरिटेज स्कूल्स की सह संस्थापक मणित जैन और इंटरनेशनल रोड फेडरेशन के पूर्व अध्यक्ष केके कपिला ने हिस्सा लिया।
नेशनल रोड सेफ्टी मिशन (एनआरएसएम) की प्रोजेक्ट डायरेक्टर रजनी ठाकुर ने बताया कि 2024 में शुरू किया गया नेशनल रोड सेफ्टी मिशन एक राष्ट्रव्यापी, सहयोगपूर्ण एवं गैर-सरकारी पहल है। इसका नेतृत्व एजुकेशन टेक्नोलॉजी संगठन एकेडमिया एक्सिस ऐडटेक, इंटरनेशनल रोड़ फेडरेशन इंडिया चैप्टर, द ग्लोबल रोड सेफ्टी एंड ट्रांसपोर्ट बॉडी’ और एजुकेशन टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म- एड्युक्सा डॉट एआई के द्वारा किया जा रहा है। यह अभियान देश के 5,000 से अधिक स्कूलों तक पहुंच चुका है।
रजनी ठाकुर ने कहा कि अभियान का उद्देश्य सड़कों पर सुरक्षा को सुनिश्चित करना है, जो स्कूल लीडरों एवं अभिभावकों की प्रतिबद्धता के बिना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि अभियान के तहत यातायात के नियमों के बारे में जागरुकता बढ़ाते हैं।
मणित जैन ने कहा कि हम सड़क सुरक्षा को कभी-कभार होने वाले जागरुकता अभियान नहीं मानते, बल्कि स्कूल के लर्निंग मॉडल में इसे शामिल करते हैं। छात्रों को उनकी उम्र के अनुसार सड़क सुरक्षा को लेकर शिक्षित करते हैं।
केके कपिला ने कहा कि सड़क दुर्घटनाएं सार्वजनिक सुरक्षा के लिए सबसे गंभीर चुनौतियों में से एक बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि हम सुरक्षित सड़कें चाहते हैं, तो असुरक्षित आदतें बनने से पहले ही शिक्षा के माध्यम से खत्म कर देना चाहिए। स्कूलों के लिए राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा अभियान का उद्देश्य एक ऐसी पीढ़ी का निर्माण करना है, जो सड़क सुरक्षा को एक नागरिक जिम्मेदारी के रूप में देखें।
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हिन्दुस्थान समाचार / धीरेन्द्र यादव

