home page

‘मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट’ ने 2 लाख से ज्यादा लोगों को पहुंचाई राहत

 | 
‘मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट’ ने 2 लाख से ज्यादा लोगों को पहुंचाई राहत


नई दिल्ली, 25 मई (हि.स.)। दिल्ली सरकार ने राजधानी के सभी 13 जिलों में ‘मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट्स’ और ‘कूलिंग जोन’ के माध्यम से आम नागरिकों, श्रमिकों, यात्रियों और जरूरतमंद लोगों को गर्मी से बचाने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज एक विज्ञप्ति जारी कर कहा कि दिल्ली सरकार का उद्देश्य केवल प्रशासन चलाना नहीं बल्कि हर नागरिक की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करना है। भीषण गर्मी के इस दौर में सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ जमीन पर काम कर रही है ताकि कोई भी व्यक्ति गर्मी के कारण परेशान न हो। उन्होंने कहा कि मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट्स और कूलिंग जोन जैसी पहल सरकार की जनसेवा और मानवीय दृष्टिकोण को दर्शाती हैं। दिल्ली सरकार लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और जरूरत के अनुसार राहत व्यवस्थाओं को और मजबूत किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि यह सारी व्यवस्था राजस्व विभाग की देखरेख में संचालित की जा रही है। मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट्स के माध्यम से 6 मई से 23 मई के बीच दिल्ली के सभी 13 जिलों में लगभग 2 लाख 65 हजार लोगों तक राहत पहुंचाई गई। इस दौरान लोगों को गर्मी और डिहाइड्रेशन से बचाने के लिए लगभग 1 लाख 13 हजार 900 लीटर ठंडा पीने का पानी वितरित किया गया। इसके अलावा एक लाख से अधिक ओआरएस पैकेट बांटे गए ताकि लोगों को लू और शरीर में पानी की कमी से बचाया जा सके। लोगों को तेज धूप से बचाने के लिए 44 हजार 646 गमछे और 30 हजार 864 कैप भी वितरित किए गए। इस अभियान के तहत उत्तर-पूर्व, पूर्वी, दक्षिण-पश्चिम और नई दिल्ली जिलों में बड़ी संख्या में लोगों तक सहायता पहुंचाई गई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट्स के वाहनों की लोकेशन प्रतिदिन बदली जाए ताकि ज्यादा से ज्यादा भीड़ वाले क्षेत्रों और जरूरतमंद लोगों तक राहत पहुंच सके। यह अभियान जुलाई महीने तक जारी रहेगा।

उन्होंने यह भी जानकारी दी कि राजधानी के विभिन्न जिलों में विशेष ‘कूलिंग जोन’ भी स्थापित किए हैं, जहां लोगों को कुछ समय आराम करने और गर्मी से राहत पाने की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। विशेष रूप से आम नागरिकों, रिक्शा चालक, श्रमिकों और खुले में काम करने वाले लोगों को ध्यान में रखते हुए इन कूलिंग ज़ोन को तैयार किया गया है। प्रत्येक कूलिंग ज़ोन में 100 कुर्सियों की बैठने की व्यवस्था, ठंडा पेयजल, 5 डेजर्ट कूलर और 5 फर्राटा पंखे लगाए गए हैं ताकि लोगों को आरामदायक वातावरण मिल सके।

इसके अतिरिक्त वहां ओआरएस पैकेट, कैप, गमछे और प्राथमिक उपचार किट की भी व्यवस्था की गई है। इन कूलिंग जोन के संचालन और सहायता के लिए प्रत्येक स्थान पर 10 सिविल डिफेंस वालंटियर्स तैनात किए गए हैं। वर्तमान में पुरानी दिल्ली जिले में 5, उत्तर-पूर्व जिले में एक, उत्तरी जिले में एक, पूर्वी जिले में 5, सेंट्रल नॉर्थ जिले में 1 और सेंट्रल जिले में एक कूलिंग ज़ोन (कुल 14) स्थापित किए जा चुके हैं। शेष जिलों में भी इस सप्ताह के भीतर इसी प्रकार की सुविधाएं शुरू की जा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली जैसे महानगर में जहां कई बार एक गिलास ठंडा पानी भी लोगों को आसानी से उपलब्ध नहीं हो पाता, वहां सरकार द्वारा शुरू की गई ये पहले लोगों को वास्तविक राहत देने का कार्य कर रही हैं। उन्होंने कहा कि जनता से इन व्यवस्थाओं को लेकर बेहद सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है और सरकार नागरिकों को हीटवेव से सुरक्षित रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / धीरेन्द्र यादव