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उप्र को हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग एवं ड्रोन हब बनाने की दिशा में जर्मनी में बड़ी पहल

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उप्र को हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग एवं ड्रोन हब बनाने की दिशा में जर्मनी में बड़ी पहल


उप्र को हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग एवं ड्रोन हब बनाने की दिशा में जर्मनी में बड़ी पहल


उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री माैर्य ने अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ महत्वपूर्ण बैठकें कीं

रक्षा, दूरसंचार, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर एवं उन्नत विनिर्माण में साझेदारी के नए द्वार खुले

लखनऊ, 25 फरवरी (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत व विकसित भारत के विजन तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उत्तर प्रदेश के लिए निवेश आकर्षित करने की मंशा के अनुरूप राज्य सरकार

प्रदेश को हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग एवं ड्रोन हब बनाने की दिशा में जर्मनी में बड़ी पहल हुई है।

उत्तर प्रदेश को वैश्विक निवेश एवं उन्नत प्रौद्योगिकी का प्रमुख केंद्र बनाने के उद्देश्य से जर्मनी प्रवास पर गए भारतीय प्रतिनिधिमण्डल का नेतृत्व कर रहे उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कैबिनेट मंत्री (आईटी) सुनील कुमार के साथ बुधवार को अग्रणी अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ महत्वपूर्ण बैठकें कीं।

राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि उपमुख्यमंत्री मौर्य ने जापान की बहुराष्ट्रीय कंपनी फुजीकुरा लिमटेड के वरिष्ठ प्रतिनिधियों के साथ उन्नत सेंसर प्रौद्योगिकी, स्वायत्त प्लेटफॉर्म तथा स्मार्ट अवसंरचना से जुड़े विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया। बैठक में उत्तर प्रदेश में प्रोटोटाइपिंग एवं उन्नत विनिर्माण इकाई स्थापित करने की संभावनाओं, ऑटोमोटिव एवं ई-व्हीकल सेक्टर के लिए स्मार्ट सेंसर एवं इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम के निर्माण, स्मार्ट सिटी एवं डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में सहभागिता तथा अनुसंधान एवं नवाचार आधारित सहयोग मॉडल पर गंभीर चर्चा हुई। उन्होंने बताया कि कंपनी ने प्रदेश में अपनी प्रोटोटाइपिंग तथा मैन्युफैक्चरिंग गतिविधियों की स्थापना को लेकर गहरी रुचि व्यक्त की, जो उत्तर प्रदेश को उच्च-प्रौद्योगिकी विनिर्माण एवं नवाचार के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण संकेत है।

उन्होंने बताया कि इससे पहले उपमुख्यमंत्री ने जर्मनी की अग्रणी ड्रोन निर्माण कंपनी कुअंटम-सिस्टम के साथ बैठक कर तकनीक हस्तांतरण, संभावित निवेश मॉडल तथा उत्तर प्रदेश में उन्नत ड्रोन विनिर्माण एवं अनुसंधान केंद्र स्थापित करने के अवसरों पर विस्तृत विमर्श किया। बैठक में रक्षा एवं नागरिक उपयोग हेतु अत्याधुनिक यूएवी प्रणाली के विकास, डिफेंस कॉरिडोर के अंतर्गत औद्योगिक सहयोग तथा अनुसंधान एवं कौशल विकास के क्षेत्र में साझेदारी की संभावनाओं पर सकारात्मक संवाद हुआ। कंपनी ने अपने एकीकृत मल्टी-डोमेन ड्रोन इकोसिस्टम एवं रक्षा व नागरिक उपयोग के प्रमुख अनुप्रयोगों का प्रस्तुतीकरण किया, जिससे सहयोग की व्यापक संभावनाएं उभरकर सामने आईं।

इसी क्रम में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने टेलीफाेनिका ओ2 तथा हेलसाेल्डट के साथ भी महत्वपूर्ण बैठकें कीं। इन बैठकों में दूरसंचार, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, रक्षा सहयोग, टेक्नोलॉजी ट्रांसफर और उत्तर प्रदेश में निवेश के अवसरों पर विस्तृत चर्चा हुई। वार्ता के दौरान उन्नत संचार नेटवर्क, सुरक्षित कनेक्टिविटी, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर, आधुनिक सेंसर एवं एवियोनिक्स सिस्टम, इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर प्लेटफ़ॉर्म तथा परीक्षण एवं उत्पादन हब की स्थापना की संभावनाओं पर गंभीर विचार-विमर्श किया गया। कंपनी प्रतिनिधियों ने उत्तर प्रदेश के डिफेंस कॉरिडोर, सुदृढ़ औद्योगिक आधारभूत संरचना एवं निवेश-अनुकूल नीतियों की सराहना करते हुए प्रदेश में दीर्घकालिक साझेदारी की संभावनाओं पर सकारात्मक रुख व्यक्त किया।

उपमुख्यमंत्री मौर्य ने कहा कि उत्तर प्रदेश में सुदृढ़ कानून-व्यवस्था, विश्वस्तरीय एक्सप्रेस-वे नेटवर्क, डिफेंस कॉरिडोर, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर तथा पारदर्शी औद्योगिक नीतियां निवेशकों के लिए आदर्श वातावरण प्रदान कर रही हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रदेश सरकार सिंगल विंडो क्लीयरेंस, त्वरित अनुमोदन एवं हर आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि जर्मनी में हुई ये उच्चस्तरीय बैठकें उत्तर प्रदेश को वैश्विक टेक्नोलॉजी, रक्षा विनिर्माण, दूरसंचार एवं स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में अग्रणी स्थान दिलाने की दिशा में एक ठोस एवं दूरगामी कदम सिद्ध होंगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा