फिराेजपुर-जम्मू एक्सप्रेस में धमाके की साजिश नाकाम, 17 गिरफ्तार, आईईडी व ग्लॉक पिस्तौल बरामद
- यूके स्थित मास्टरमाइंड इकबाल उर्फ रवि धालीवाल के इशारे पर कर रहे थे काम
चंडीगढ़, 21 जुलाई (हि.स.)। पंजाब की मोगा पुलिस ने पुलिस थाना सदर मोगा पर हुए कम तीव्रता वाले ग्रेनेड हमले को अंजाम देने के आरोप में 17 मुलजिमों को गिरफ्तार करके एक आतंकवादी साजिश को नाकाम करने का दावा किया है। गिरफ्तार आरोपित फिरोजपुर से जम्मू जाने वाली रेलगाड़ी में आईईडी लगाने की योजना बना रहे थे।
पुलिस महानिदेशक गौरव यादव ने मंगलवार को बताया कि पुलिस ने एक इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) के साथ-साथ विस्फोटक सामग्री और इलेक्ट्रॉनिक डेटोनेटर, एक 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल सहित मैगजीन भी बरामद की है। इसके अलावा ग्रेनेड हमले को अंजाम देने के लिए इस्तेमाल की गई स्प्लेंडर मोटरसाइकिल (पीबी-03-एएच-3088) को भी जब्त किया गया है। उन्होंने बताया कि 8 जुलाई को सुबह 3.15 बजे के करीब कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने पुलिस थाना सदर, मोगा की इमारत पर एक कम तीव्रता वाला ग्रेनेड फेंका था।
जांच के दौरान ग्रेनेड हमले को अंजाम देने वालों में गगन उर्फ काली निवासी ढेरू, फिरोजपुर, राजेश उर्फ खन्ना निवासी लाल कुड़ती कैंट फिरोजपुर और शुभम उर्फ भिंडर निवासी कोतवाल, फिरोजपुर का नाम आया। इसके अलावा लॉजिस्टिक्स, नेटवर्क विस्तार और कार्यकर्ताओं को शरण देने में सहायता करने में सिया पाड़ी, फिरोजपुर निवासी लाजर उर्फ अमन और उसकी पत्नी परवीन कौर, कोतवाल, फिरोजपुर निवासी स्वर्ण और गोबिंद, लाल कुड़ती कैंट, फिरोजपुर निवासी सागर और जॉन, तलवंडी नेपाला, फिरोजपुर निवासी रूथ, राज और सरबजीत कौर, अजीतवाल, मोगा निवासी गुरप्रीत सिंह, राहुल और करनदीप सिंह, ढेरू, फिरोजपुर निवासी लवप्रीत निवासी और शेरखां, फिरोजपुर निवासी सुखविंदर कौर को गिरफ्तार किया गया है।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि इकबाल सिंह उर्फ रवि धालीवाल इस समय यूके में रहता है। वह कथित तौर पर आपराधिक गतिविधियों में शामिल है और इस साजिश का मुख्य साजिशकर्ता है। उन्होंने कहा कि उसके निर्देशों पर मुलजिमों ने पुलिस थाना सदर मोगा पर ग्रेनेड हमला किया और अब फिरोजपुर से जम्मू जाने वाली रेलगाड़ी में आईईडी लगाने की योजना बना रहे थे। लाजर और उसकी पत्नी यूके-स्थित इकबाल उर्फ रवि धालीवाल के सीधे संपर्क में थे और आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए अन्य कार्यकर्ताओं का प्रबंध करने में उसकी मदद कर रहे थे।
इस संबंध में अधिक विवरण साझा करते हुए इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (आईजीपी) फरीदकोट रेंज नीलांबरी जगदले ने बताया कि वारदात के बाद अपराधियों का पता लगाने के लिए कई पुलिस टीमें तैनात की गई थीं। उन्होंने कहा कि तकनीकी और मानवीय-खुफिया जानकारी से यह बात सामने आई कि गगन उर्फ काली ने राजेश उर्फ खन्ना और शुभम भिंडर के साथ मिलकर पुलिस थाना सदर मोगा पर ग्रेनेड हमले को अंजाम दिया था। उन्होंने कहा कि आगे की जांच के दौरान इन तीनों मुलजिमों को गिरफ्तार कर लिया गया, जिससे उनके साथियों लाजर उर्फ अमन और उसकी पत्नी परवीन कौर की गिरफ्तारी भी संभव हुई।
सीनियर पुलिस सुपरिंटेंडेंट (एसएसपी) मोगा सरताज सिंह चाहल ने कहा कि लाजर से आगे पूछताछ करने पर बाकी 12 मुलजिमों को गिरफ्तार किया गया, जो मॉड्यूल के सदस्यों को लॉजिस्टिक सहायता और शरण देते थे। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियों और बरामदगी की संभावना है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा

