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नितिन नवीन ने की ‘विकसित बंगाल’ की बात, शुभेंदु अधिकारी ने की आंगनवाड़ी-आशा कार्यकर्ताओं के लिए बड़ी घोषणाएं

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नितिन नवीन ने की ‘विकसित बंगाल’ की बात, शुभेंदु अधिकारी ने की आंगनवाड़ी-आशा कार्यकर्ताओं के लिए बड़ी घोषणाएं


कोलकाता, 28 सितंबर (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने सोमवार को पश्चिम बंगाल की शुभेंदु अधिकारी सरकार की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार ‘रफ्तार और भरोसे’ के साथ कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर लागू कर रही है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 तक ‘विकसित बंगाल’ के लक्ष्य को हासिल करने के लिए विकास की गति को बनाए रखना जरूरी है।

उत्तर 24 परगना जिले के पानीहाटी में आयोजित ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नितिन नवीन ने कहा कि राज्य का विकास प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य में भी योगदान देगा। यह कार्यक्रम केंद्र सरकार की एकीकृत बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) योजना के तहत आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के सम्मान में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन के अवसर पर चलाए जा रहे महीने भर के ‘सेवा संकल्प अभियान’ का हिस्सा था।

नितिन नवीन ने आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि वे नवजात शिशुओं और बच्चों की देखभाल में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि देश का भविष्य उनके योगदान से जुड़ा है। इस दौरान उन्होंने पिछली केंद्र और राज्य सरकारों पर महिलाओं के आत्मसम्मान, सुरक्षा और अधिकार सुनिश्चित नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल में पश्चिम बंगाल में महिलाएं सुरक्षित हैं और भाजपा सरकार बनने के पांच महीने के भीतर अपने सभी वादे पूरे कर दिए गए हैं।

आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय में 5,000 रुपये की बढ़ोतरी

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए कई घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि नवीनतम बजट में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और आशा कार्यकर्ताओं के मासिक मानदेय में 5,000 रुपये की वृद्धि की गई है। अगले बजट में इसे और बढ़ाने की योजना है।

मुख्यमंत्री ने आईसीडीएस केंद्रों पर बच्चों के भोजन के लिए प्रति व्यक्ति आवंटन 8 रुपये से बढ़ाकर 10 रुपये और गर्भवती महिलाओं के लिए 12 रुपये से बढ़ाकर 14 रुपये करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य में करीब 19 हजार आईसीडीएस केंद्र फिलहाल किराये के भवनों में संचालित हो रहे हैं। सरकार ने इनके लिए अलग भवन बनाने की योजना शुरू की है और प्रत्येक केंद्र के लिए 12 लाख रुपये आवंटित किए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की बिजली वितरण कंपनी डब्ल्यूबीएसईडीसीएल इन आईसीडीएस केंद्रों को मुफ्त बिजली कनेक्शन देगी। इसके अलावा केंद्रों में मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन, पेयजल और स्वच्छ शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है। उन्होंने बताया कि सभी आईसीडीएस कार्यकर्ताओं को देशभर के चिकित्सा संस्थानों में इलाज के लिए ‘आयुष्मान भारत’ स्वास्थ्य बीमा योजना के दायरे में भी शामिल किया गया है।

शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि इन सभी सुविधाओं और योजनाओं को अगले पांच से छह महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। सरकार का दावा है कि इन कदमों से आंगनवाड़ी केंद्रों के बुनियादी ढांचे के साथ-साथ कार्यकर्ताओं और लाभार्थियों को मिलने वाली सुविधाओं में सुधार होगा।-------------

हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर